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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 05, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bihar: नवादा में उर्स समारोह में 24 लोगों को पागल कुत्ते ने काटा, डर के साए में उत्‍सव में शामिल हुए अकीदतमंद

By Pawan SinghEdited By: Prateek Jain
Published: Sun, 05 Feb 2023 03:09 PM (IST)

Dog Attack नगर पंचायत के तकिया मोहल्ला स्थित खानकाह तकिया में शुक्रवार की शाम से लेकर देर रात्रि तक हजरत ...और पढ़ें

नवादा उर्स समारोह में 24 लोगों को पागल कुत्ता ने काटा, डर के साए में उत्‍सव में शामिल हुए अकीदतमंद
नवादा उर्स समारोह में 24 लोगों को पागल कुत्ता ने काटा, डर के साए में उत्‍सव में शामिल हुए अकीदतमंद

रजौली, संवाद सूत्र: नगर पंचायत के तकिया मोहल्ला स्थित खानकाह तकिया में शुक्रवार की शाम से लेकर देर रात्रि तक हजरत दाता कालन शाह के उर्स समारोह के दौरान सैकड़ों अकीदतमंदों की उमड़ी भीड़ में एक पागल कुत्ते ने दो दर्जन लोगों को काटकर जख्मी कर दिया।

पागल कुत्ते के डर से लोग डरे सहमे उर्स उत्सव में शामिल होते दिखाई दिए। वहीं, घयालों को परिजनों की सहायता से अनुमंडलीय अस्पताल में इलाज हेतु भर्ती कराया गया।अस्पताल में ड्यूटी में रहे चिकित्सकों ने बताया कि शुक्रवार की देर शाम से कुत्ते काटने की शिकायत को लेकर रजौली व आसपास के गांवों के लोग पहुंचने लगे थे। घायलों की संख्या लगभग 24 है।

इन लोगों को कुत्‍ते ने किया घायल 

घायलों में मो. नदीम, महेश दास, शफीक मियां, राजा कुमार, सोनी कुमारी, मो. इम्तियाज, सीमा देवी, छोटू कुमार, तनवीर आलम, मो. शमसाद, सन्नी कुमार, शहवाज अंसारी, मो. रियाज़ अली, मो. यक़ीम, मो. फरहान,अखिलेश कुमार, संजय कुमार, गुड़िया कुमारी, डाली कुमारी, तनु कुमारी,मोहित कुमार शामिल हैं। चिकित्सक ने बताया कि सभी घायलों का प्राथमिक इलाज कर एन्टी रेबीज का टीका दिया गया है।

पागल कुत्ता के काटने से गांव में संक्रमण का खतरा

चिकित्सक ने बताया कि कुत्ते के काटने के बाद सबसे पहले गांव में संक्रमण का खतरा है। जहां तक बात रेबीज वायरस की है तो यह संक्रमण जानवर के लार के घाव के साथ सीधे संपर्क के माध्यम से भी फैलता है। रेबीज संक्रमण के लक्षण फ्लू के समान हो सकते हैं, जिसमें कमजोरी या बेचैनी, बुखार या सिरदर्द की समस्या होती है। साथ ही काटने वाली जगह पर चुभन या खुजली भी बनी रह सकती है। इस प्रकार के संक्रमण से बचने के लिए कुत्ते के काटने के आठ घण्टे के भीतर रेबीज का इंजेक्शन लगवाना आवश्यक है।

साथ ही उन्‍होंने यह भी बताया कि कुत्ते के काटने के बाद प्रारंभिक तौर पर कुछ बातों का विशेष ध्यान रखना आवश्यक माना जाता है। जिसमें सबसे पहले घाव को हल्के गुनगुने पानी और साबुन की मदद से धो लें, किसी साफ कपड़े की मदद से रक्तस्राव को कम करने की कोशिश करें। यदि आपके पास जीवाणुरोधी लोशन या क्रीम है तो उसे जख्म के स्थान पर लगाएं। चिकित्सक से मिलकर सही इलाज कराएं।

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