Bihar News: अब बिहार से यूपी की दूरी हो जाएगी कम, इस जगह पुल के निर्माण को मिल गई मंजूरी
बिहार के आरा में पीपा पुल बनने से यूपी जाना आसान हो जाएगा। प्रशासन की तरफ से इसकी मंजूरी मिल गई है। दोपहिया व चार पहिया वाहनों का आवागमन शुरू होने से यूपी और बिहार के कई जिलों के बीच लगभग आठ माह से बंद पड़ा सड़क मार्ग चालू हो जाएगा। आरा-छपरा पुल होकर उत्तर प्रदेश जाने में यह दूरी करीब 150 किलोमीटर हो जाती है।

जागरण संवाददाता, आरा। Bihar News: बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड ने चार माह की लंबी जद्दो-जहद के बाद आखिरकार महुली में गंगा नदी पर पीपा पुल बनाने की प्रशासनिक स्वीकृति दे दी। इस आदेश के बाद अब टेंडर डालने की प्रक्रिया अंतिम चरण में चल रही है।
10 फरवरी से शुरू हो जाएगा पीपा पुल का निर्माण
सब कुछ सही रहा तो 10 फरवरी के आसपास से पीपा पुल को बनाने का कार्य शुरू हो जाएगा। यह कार्य फरवरी के अंत तक पूरा होने के साथ ही इस माह के लास्ट से आवागमन भी शुरू हो जाएगा। इसके शुरू हो जाने से बिहार और यूपी के हजारों लोगों को रोजाना आवागमन में सुविधा होगी।
दोपहिया व चार पहिया वाहनों का आवागमन शुरू होने से यूपी और बिहार के कई जिलों के बीच लगभग आठ माह से बंद पड़ा सड़क मार्ग चालू हो जाएगा। पीपा पुल के अभाव में भोजपुर जिला के साथ साथ उत्तर प्रदेश के बलिया जनपद सड़क मार्ग से नहीं जुड़ पाते हैं।
बिहार से यूपी जाने में लगेगा कम समय
पुल पर आवागमन बंद होने से अरवल, जहानाबाद या झारखंड से आने वाली गाड़ियों को बक्सर होकर बलिया या सारण जिले के कुछ हिस्सों तक करीब 100 किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है। यही हाल उत्तर प्रदेश से इन जिलों में आने वाली गाड़ियों की होती है। आरा छपरा पुल होकर उत्तर प्रदेश जाने में यह दूरी करीब 150 किलोमीटर हो जाती है।
इतना ही नहीं, बड़हरा प्रखंड के अंतर्गत खवासपुर पंचायत के 18 गांवों के निवासियों को चार पहिया गाड़ी से अपने ही प्रखंड मुख्यालय या जिला मुख्यालय आने के लिए 100 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती है।
विभागीय लापरवाही के कारण अब केवल चार माह होगा आवागमन
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