यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 22, 2013 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
प्रकाशित सूची देख आवेदक असमंजस में

मधुबन (मऊ) : आखिरकार एक लंबे इंतजार के बाद मंगलवार की सुबह टीईटी पास आवेदकों के लिए एक खुशियों भरा पैगाम लेकर आ ही गई। सरकार द्वारा प्रदेश के विभिन्न प्राथमिक विद्यालयों में 72 हजार 825 रिक्त पदों को भरने के लिए सूची प्रकाशित कर दी गई। स्थानीय तहसील क्षेत्र में जैसे ही यह खबर फैली की इंटरनेट पर सूची प्रकाशित हो गई है इंटरनेट संचालकों के यहां लंबी लाइन लगनी शुरू हो गई। हर आवेदक जल्द से जल्द सूची में अपना स्थान जानने को व्याकुल दिखा। आवेदक द्वारा अपना क्रमांक एवं जन्मतिथि डालने पर उसके द्वारा आवेदन किए गए समस्त जिलों का विवरण फौरन प्राप्त हो जा रहा था। यानी किस जिले में उसकी सामान्य रैंकिंग, ओबीसी रैंकिंग और एससी, एसटी, रैकिंग क्या है। लेकिन सूची का प्रिंट आउट लेकर अधिकतर लोगों को सब कुछ समझ में नहीं आ रहा है। मसलन किसी की एक जिले में रैंकिंग 50 हजार से ऊपर है और उस जिले में 200 सीटें रिक्त है तो क्या वह वहां अध्यापक के लिए आवेदन कर सकता है या नहीं। सूची में प्रकाशित आवेदकों को चयन के लिए किस प्रकार से बुलाया जाएगा। कितने प्रतिशत अंक प्राप्त करने वाले आवेदक अपने आप को सुरक्षित समझे आदि जैसे कई प्रश्न छात्रों के दिमाग में घूम रहे थे। शायद यही वजह थी कि प्रकाशित सूची का प्रिंट आउट लेकर भी कोई इस बात को लेकर आश्वस्त नहीं दिख रहा था कि उसका चयन होगा या नहीं और यदि होगा भी तो किस जिले में। अधिकतर लोगों का मानना था कि सब कुछ तभी साफ हो पाएगा जब या तो आवेदकों को चयन के लिए पत्र द्वारा बुलाया जाएगा या कोई और सूची प्रकाशित होगी जिससे आवेदकों के असमंजस पर विराम लग सके।
मोबाइल पर ताजा खबरें, फोटो, वीडियो व लाइव स्कोर देखने के लिए जाएं m.jagran.com पर
