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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 24, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

अनुभवी नेताओं की उपेक्षा पर यशवंत ने बोला मोदी पर हमला

By Test1 Test1Edited By:
Published: Wed, 24 Jun 2015 07:46 PM (IST)Updated: Wed, 24 Jun 2015 08:27 PM (IST)

भाजपा के वरिष्ठ नेता यशवंत सिन्हा ने पार्टी की अनुभवी नेताओं की उपेक्षा पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बड़ा हमला ...और पढ़ें

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मुंबई । भाजपा के वरिष्ठ नेता यशवंत सिन्हा ने पार्टी की अनुभवी नेताओं की उपेक्षा पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि 26 मई 2014 को ही 75 साल से अधिक उम्र के सभी को ब्रेन डेड (दिमागी तौर पर मृत ) घोषित कर दिया गया था।

उल्लेखनीय है कि मोदी सरकार ने इसी तारीख को शपथ ग्रहण की थी और मोदी ने कैबिनेट में मंत्रियों को शामिल करने की अधिकतम उम्र 75 साल रखी थी। अटल बिहारी वाजपेयी और चंद्रशेखर की सरकार में वित्त मंत्री और विदेश मंत्री रह चुके सिन्हा का भाजपा के वरिष्ठतम नेताओं को किनारे कर दिए जाने का दर्द मंगलवार को यहां एक उद्योग कार्यक्रम में छलका। सिन्हा से नरेंद्र मोदी और मनमोहन सिंह की सरकारों के बीच अंतर के बारे में पूछा गया था। सिन्हा ने कहा, 'मैं भी उनमें हूं, जो ब्रेन डेड हो गए हैं।' सिन्हा 82 साल के हैं। उनके बेटे जयंत सिन्हा केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री हैं।

'मेक इन इंडिया' की भी आलोचना

सिन्हा ने मोदी की खास योजना 'मेक इन इंडिया' की भी आलोचना की। उन्होंने कहा कि पहले भारत को बनाएं, बाकी चीजें अपने आप बन जाएंगी।

एक और 'सिन्हा' कर चुके हैं आलोचना

लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी और यशवंत सिन्हा को मोदी कैबिनेट में इसलिए जगह नहीं मिली क्योंकि उनकी उम्र 75 साल से अधिक है। भाजपा के एक अन्य नेता शत्रुघ्न सिन्हा ने कुछ दिन पहले कहा था कि मंत्री बनाने के लिए उम्र की बजाय योग्यता और मानसिक सजगता पर जोर दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि 87 की उम्र में भी आडवाणी की स्मरण शक्ति तीव्र है और उनमें ऊर्जा 40 साल के व्यक्ति जैसी है। आडवाणी और जोशी की मानसिक सजगता और शारीरिक ऊर्जा पर कौन अंगुली उठा सकता है?

जोशी भी साध चुके हैं निशाना

झारखंड से आने वाले यशवंत सिन्हा 80 साल से अधिक उम्र के भाजपा के एलके आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी जैसे उन शीर्ष नेताओं में शामिल हैं जो मंत्रिमंडल में शामिल नहीं किए जाने से नाराज हैं। जोशी ने हाल ही में मोदी की गंगा सफाई परियोजना नमामि गंगे पर निशाना साधा था और दावा किया था कि यह कभी सफल नहीं होगी। आडवाणी और जोशी को भाजपा के मार्गदर्शक मंडल में शामिल किया गया है।