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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 13, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

PoK में पाकिस्तान के खिलाफ सड़कों पर उतरे लोग, लगाए पाक विरोधी नारे

By kishor joshiEdited By:
Published: Sat, 13 Aug 2016 09:04 AM (IST)Updated: Sat, 13 Aug 2016 02:25 PM (IST)

पाकिस्तानी सेना द्वारा किए जा रहे अत्याचारों से पीओके के लोग इतने दुखी हो चुके हैं कि वे अब पाकिस्तान के खिलाप सड़कों पर अपना विरोध जता रहे हैं।

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नई दिल्ली। पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में (पीओके) में एक बार फिर लोगों ने पाकिस्तानी सेना की ज्यादती के खिलाफ आवाज उठायी है। आज बड़ी संख्या में पीओके स्थित गिलगित बाल्टिस्तान में लोगों ने सड़कों पर उतर कर अपने गुस्से का इजहार किया और आजादी के नारे लगाए।

आपको बता दें कि कश्मीर में हिंसा की स्थिति पर चिंता जाहिर करते हुए इसके समाधान के लिए शुक्रवार को संसद में आयोजित सर्वदलीय बैठक के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पाकिस्तान पर बड़ा वार करते हुए कहा था कि पाक के कब्जे में जो कश्मीर है वो भी हमारा है। पीएम ने कहा था आज जब हम जम्मू-कश्मीर की बात करते हैं, तो हमें जम्मू-कश्मीर राज्य के चार भागों जम्मू, कश्मीर-घाटी, लद्दाख, और पाक-अधिकृत कश्मीर की बात करनी चाहिए।

प्रदर्शन कर रहे नाराज स्थानीय लोगों का कहना है कि पाकिस्तानी सेना ने 500 युवाओं को इसलिए हिरासत में ले लिया है क्योंकि उन्होंने सेना को गिलगित छोड़ने को कहा था। यह पहला मौका नहीं है जब गिलगित-बाल्टिस्तान में इस तरह के विरोध प्रदर्शन हो रहे हों, इससे पहले भी कई बार वहां के लोग पाकिस्तानी सेना के बढ़ते अत्याचारों के खिलाफ सड़कों पर आ चुके हैं।

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गिलगित-बाल्टिस्तान में लोग इसलिए भी हताश हैं क्योंकि चीनी लोगों की मौजूदगी ने उनके रोजगार भी छीन लिए हैं। जानकार मानते हैं कि चीन-पाकिस्तान के बीच बनने वाले आर्थिक गलियारे का असली मकसद इलाके में मौजूद संसाधनों का दोहन करना है। गौरतलब है कि गिलगित-बाल्टिस्तान इलाके को पाकिस्तान ने 1947 में अवैध रूप से हथिया लिया था और तभी से ये विवादित क्षेत्र हैं जिसकी वजह से यहां पर लोगों को बुनियादी सुविधाएं तक नहीं मिल सकी हैं।

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