विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 30, 2013 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

बड़ा खुलासा: सूरत पर थी परमाणु बम हमले की तैयारी

By Edited By:
Published: Mon, 30 Dec 2013 12:37 PM (IST)Updated: Mon, 30 Dec 2013 06:48 PM (IST)

यासीन भटकल की गिरफ्तारी से सूरत पर परमाणु बम हमले की इंडियन मुजाहिदीन की साजिश विफल हो गई थी। इस ...और पढ़ें

News Article Hero Image

नई दिल्ली। यासीन भटकल की गिरफ्तारी से सूरत पर परमाणु बम हमले की इंडियन मुजाहिदीन की साजिश विफल हो गई थी। इस साजिश को अंजाम देने के लिए पाकिस्तान स्थित यासीन के आका परमाणु बम उपलब्ध करवाने वाले थे।

एक अंग्रेजी समाचार पत्र में प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार इसी साल 27 अगस्त को नेपाल के पोखरा में इंडियन मुजाहिदीन के भारतीय प्रमुख अहमद जरार सिद्दीबप्पा उर्फ यासीन भटकल की गिरफ्तारी के बाद एनआइए, इंटेलिजेंस ब्यूरो और कई राज्यों की पुलिस ने उससे गहन पूछताछ की थी। इसी पूछताछ के दौरान भटकल ने इस साजिश का खुलासा किया है।

पढ़ें: अयोध्या में आइएम के पांव पसारने की आशंका

'पाक स्थित आका से मिलना था परमाणु बम'

परमाणु हथियारों के आतंकियों के हाथ पड़ने की विश्व भर की सुरक्षा एजेंसियों की चिंताओं के बीच पाकिस्तान स्थित आतंकियों का इस तक पहुंच रखना बेहद खतरनाक हो सकता है। भटकल के अनुसार उसने पाक स्थित अपने आका 'रियाज भटकल' को फोन कर उससे एक छोटे परमाणु बम की मांग की थी। जिस पर रियाज ने कहा था कि पाक में किसी भी चीज की व्यवस्था की जा सकती है। रियाज ने ही यासीन को बताया था कि परमाणु बमों से हमले किए जा सकते हैं। यासीन ने रियाज से सूरत पर हमले के लिए एक छोटे परमाणु बम की व्यवस्था करने को कहा था।

मुस्लिमों को चुपचाप शहर छोड़ देने को कहते

परमाणु हमले में मुस्लिमों के भी मारे जाने पर चिंता जताने पर यासीन ने रियाज को इस पर निश्चित रहने के लिए कहा था। यासीन ने रियाज को बताया था कि हम सूरत की सभी मस्जिदों पर पोस्टर चिपका देंगे, जिसमें मुस्लिम परिवारों को चुपचाप शहर छोड़कर जाने का संदेश लिखा होगा। परंतु आईबी द्वारा अगस्त में यासीन की गिरफ्तारी से यह साजिश विफल हो गई।

भटकल के निशाने पर रहा है सूरत

सूरत हमेशा से ही बम बनाने में माहिर यासीन भटकल के टारगेट में रहा है। वर्ष 2008 में दिल्ली, जयपुर और अहमदाबाद में हुए श्रृंखलाबद्ध बम धमाकों में भी यासीन का हाथ रहा है। इस दौरान यासीन ने आतिफ अमीन के साथ मिलकर 27 बम बनाए थे। यासीन की गिरफ्तारी से इंडियन मुजाहिदीन को तगड़ा झटका लगा है और इसकी बम बनाने की क्षमता प्रभावित हुई है।

पाक में दी जाती है आतंकियों को उच्चस्तरीय ट्रेनिंग

पूछताछ के दौरान यासीन ने जानकारी दी है कि पाकिस्तान में इंडियन मुजाहिदीन के सदस्यों और दूसरे आतंकियों को उच्चस्तरीय ट्रेनिंग दी जाती है। 50 दिवसीय सैन्य स्तर की इस ट्रेनिंग से इसमें पाक के शामिल होने को भी पता चलता है।

इसदौरान नियमित पीटी, अत्याधुनिक हथियारों, विस्फोटकों और आइइडी के संबंध में ट्रेनिंग दी जाती है। पिस्तौल और एके-47 जैसे हथियारों के अलावा भारतीय हथियारों [एलएमजी, एसएलआर और स्निफर राइफल] को चलाने का भी प्रशिक्षण दिया जाता है।

ट्रेनिंग के दौरान जिन विस्फोटकों के बारे में जानकारी दी जाती है उनमें पीई3ए [काले रंग का विस्फोटक], सी4, सी3, टीएनटी भी शामिल है। इसदौरान अमोनियम नाइट्रेट, हाइड्रोडन परऑक्साइड और जिलेटिन की छड़ों से आइडी बनाना भी सिखाया जाता है।

रियाज ने यासीन को दिए थे 17 लाख रुपये

देश में आतंकी साजिशों को रचने और उनको अमलीजामा पहनाने के लिए यासीन हमेशा ही अपने पाक आका रियाज के संपर्क में रहता था। वर्ष 2013 में रियाज ने भारत में आतंकी गतिविधियों के लिए यासीन को 17 लाख रुपये भेजे थे। इनमें से 25 हजार रुपये व्यक्तिगत तौर पर यासीन के मासिक खर्च के शामिल थे।

मोबाइल पर ताजा खबरें, फोटो, वीडियो व लाइव स्कोर देखने के लिए जाएं m.jagran.com पर