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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 15, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मर्यादित हूं, पार्टी की बातें नहीं की बाहर: योगेंद्र

By Murari sharanEdited By:
Published: Sun, 15 Mar 2015 06:57 PM (IST)Updated: Mon, 16 Mar 2015 07:32 AM (IST)

आम आदमी पार्टी के नेता योगेंद्र यादव पार्टी में चल रही उठापटक पर आशावादी रवैया अपनाते हुए कहा कि मैं ...और पढ़ें

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जागरण संवाददाता, सिरसा। आम आदमी पार्टी के नेता योगेंद्र यादव पार्टी में चल रही उठापटक पर आशावादी रवैया अपनाते हुए कहा कि मैं मर्यादित व्यक्ति हूं, पार्टी की बातें बाहर नहीं करूंगा। पार्टी के जय किसान अभियान के तहत रविवार को यहां निकाले गए मार्च में पहुंचे योगेंद्र यादव पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। पार्टी में चल रही फूट को लेकर उन्होंने कहा कि वे मर्यादित व्यक्ति हैं। लाखों लोगों की आशाएं इस पार्टी से जुड़ी हैं। मेहनत से पार्टी खड़ी हुई है। आज मैं आशावादी हूं इसलिए बहुत अच्छा होने की उम्मीद करता हूं। पार्टी की बातें बाहर नहीं होनी चाहिए।

इससे पूर्व उन्होंने भूमि अधिग्रहण कानून को रद करने, किसानों को जमीन का उचित मूल्य दिलाने की मांग को लेकर निकाले गए मार्च में शिरकत की। सिरसा के सांसद के नाम ज्ञापन लेकर चौटाला हाउस गए और वहां नमक की थैली और ज्ञापन कुर्सी पर रखकर आए। योगेंद्र यादव, राजीव गोदारा व अन्य नेताओं ने टाउन पार्क में कार्यकर्ताओं को संबोधित किया और फिर शहर में मार्च निकालते हुए चौटाला हाउस पहुंचे।

पत्रकार वार्ता में योगेंद्र यादव ने कहा कि भाजपा ने किसान के साथ धोखा किया है और मुआवजा राशि घटाए जाने का फैसला लिया है। उन्होंने कहा कि वर्तमान भूमि अधिग्रहण बिल को लेकर 19 फरवरी को हरियाणा के मुख्यमंत्री को तथा 13 मार्च को नेता प्रतिपक्ष किरण चौधरी को भी उन्होंने पत्र लिखा है और मांग की है कि वर्तमान भूमि अधिग्रहण बिल के अध्यादेश को वापस लिया जाए।

4 दिसंबर 2014 को हरियाणा सरकार ने नोटिफिकेशन जारी कर ग्रामीण क्षेत्र को मिलने वाले मुआवजे को आधा करने का नियम बना दिया है जो गलत है। 2013 के बने कानून के कई प्रावधानों को खत्म कर दिया है जिसके तहत सोशल इंपेक्ट एसेसमेंट किया जाना था और जमीन पर निर्भर परिवारों को पुनर्वास का लाभ मिलना था।

उन्होंने कहा कि जय किसान अभियान का पहला चरण आज समाप्त हो गया है और 23 मार्च से इस अभियान का दूसरा चरण शुरू किया जाएगा जिसके तहत गांव-गांव जाकर किसानों को जागरूक करेंगे।

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