विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 26, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

शीतकालीन सत्र: पीएम ने वाद-विवाद और संवाद को बताया संसद की आत्‍मा

By Kamal VermaEdited By:
Published: Thu, 26 Nov 2015 10:05 AM (IST)Updated: Thu, 26 Nov 2015 02:20 PM (IST)

संसद के शीतकालीन सत्र से पहले सरकार की तरफ से खुद प्रधानमंत्री ने विपक्ष से सभी मुद्दों पर चर्चा करने ...और पढ़ें

News Article Hero Image

नई दिल्ली। संसद के शीतकालीन सत्र से पहले सरकार की तरफ से खुद प्रधानमंत्री ने विपक्ष से सभी मुद्दों पर चर्चा करने की अपील की है। उन्होंने साफतौर पर कहा कि सरकार हर मुद्दे पर चर्चा को तैयार है और उम्मीद जताई है कि सभी सांसद देश की जनता की उम्मीदों पर खरा उतरेंगे। पीएम ने कहा कि वाद हो विवाद हो संवाद हो यही संसद की आत्मा है। यह सत्र दिसंबर 23 तक चलेगा।

तस्वीरें: संसद भवन में मेकिंग ऑफ कॉन्स्टीट्यूशन प्रदर्शनी का उद्घाटन

उन्होंने कहा कि हमारा संविधान एक उम्मीद की किरण है। मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि इंग्लिश के शब्द Hope का अर्थ उनके लिए कुछ अलग है। जिसमें H का अर्थ Harmony, O का अर्थ Opportunity, P का अर्थ People's participation और E का अर्थ Equality है। पीएम ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि उत्तम विचारों से, उत्तम चर्चा और नए इनोवेटिव आइडिया से सदन भी उतना ही चमकता रहेगा।

मेकिंग ऑफ कॉन्स्टीट्यूशन प्रदर्शनी का उद्घाटन

पीएम ने संसद भवन परिसर में मेकिंग ऑफ कॉन्स्टीट्यूशन प्रदर्शनी का उद्घाटन किया।

पढ़ें: पीएम ने अंबेडकर को किया सलाम, कहा- बिना उन्हें याद किए अधूरा है संविधान