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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 23, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

दंगों के बाद जाटलैंड में आज ताकत दिखाएगी भाजपा

By Sachin BajpaiEdited By:
Published: Sat, 23 Apr 2016 12:36 AM (IST)Updated: Sat, 23 Apr 2016 01:16 AM (IST)

हरियाणा की भाजपा सरकार राज्य में हुई जातीय हिंसा के बाद पहली बार शनिवार को जाटलैंड गोहाना में शक्ति प्रदर्शन करने वाली है।

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राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़ । हरियाणा की भाजपा सरकार राज्य में हुई जातीय हिंसा के बाद पहली बार शनिवार को जाटलैंड गोहाना में शक्ति प्रदर्शन करने वाली है। सरकार ने शक्ति प्रदर्शन के लिए गोहाना के उसी मैदान को चुना है, जिस पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने करीब ढाई साल पहले शक्ति प्रदर्शन कर कई घोषणाएं की थीं।

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भाजपा अध्यक्ष अमित शाह यहां राज्य के करीब 70 हजार पंचायत प्रतिनिधियों से सीधे संवाद स्थापित करेंगे। सरकारी तंत्र सभी जनप्रतिनिधियों को यहां पहुंचाने के लिए जुटा है। शाह पहुंच रहे तो पार्टी कार्यकर्ता न आएं, ऐसा कतई नहीं हो सकता। जाटलैंड के आसपास के जिलों में माहौल बनाने की खास जिम्मेदारी सौंपी गई है। शाह पहले भी हरियाणा आते रहे हैं, लेकिन उनका दौरा पार्टी बैठकों तक ही सीमित रहा। सरकार बनने के बाद वह पहली बार किसी बड़े मंच से हरियाणा के लोगों और जनप्रतिनिधियों से मन की बात करेंगे। सरकार ने हाल ही में गोहाना को नया जिला घोषित किया है। सोनीपत ¨हसा प्रभावित जिला रहा है। शहर से कविता जैन को छोड़कर यहां एक भी भाजपा उम्मीदवार चुनाव नहीं जीत पाया। सोनीपत-गोहाना को हुड्डा का गढ़ माना जाता है।

भाजपा सरकार ने जाटलैंड में अपनी पैठ बढ़ाने, हुड्डा के गढ़ को भेदने तथा जातीय ¨हसा के बाद पैदा हुई अविश्वास की खाई को पाटने की रणनीति के तहत गोहाना में पंचायत प्रतिनिधियों का सम्मेलन रखा है। गोहाना सम्मेलन से ठीक पहले नए जिले के ऐलान को भी पार्टी की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल भी गोहाना को नया जिला बनाने की दुहाई देते हुए कई घोषणाएं कर सकते हैं। केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह, भाजपा प्रभारी डॉ. अनिल जैन और प्रदेश अध्यक्ष सुभाष बराला समेत राज्य सरकार के तमाम मंत्री, सांसद और विधायक सम्मेलन में भागीदारी करने वाले हैं।

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