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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 02, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

नीतीश का ट्वीट : गंभीर है 'आरक्षण' पर नमो का मौन

By Amit AlokEdited By:
Published: Fri, 02 Oct 2015 08:09 PM (IST)Updated: Sat, 03 Oct 2015 02:21 PM (IST)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बांका में हुई पहली चुनावी सभा में लगाए गए आरोपों का जवाब मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार ने ...और पढ़ें

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पटना। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (नमो) की बांका में हुई पहली चुनावी सभा में लगाए गए आरोपों का जवाब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने ट्वीट कर दिया है। मुख्यमंत्री ने अपने ट्वीट में उनके संबोधन पर कई सवाल खड़े किए हैं।

मुख्यमंत्री ने ट्वीट कर कहा कि आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत द्वारा आरक्षण पर हाल ही में दिए गए वक्तव्य के बाद बिहार में मोदी की यह पहली रैली थी। मोहन भागवत के वक्तव्य पर प्रधानमंत्री की चुप्पी लोगों में इस शंका को बल देती है कि उनकी सरकार आरएसएस के दबाव में है। वह आरक्षण व्यवस्था पर पुनर्विचार कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कालाजार से हुई मौत के संबंध में प्रधानमंत्री द्वारा बिहार और झारखंड की तुलना पर भी सवाल उठाया। उन्होंने ट्वीट किया है कि यह विचित्र है कि कालाजार से होने वाली मौत के मामले में बिहार और झारखंड की तुलना की जा रही है। इस मुद्दे पर बोलने से पहले उन्हें कुछ और नहीं, कम से कम अपने सहयोगी डॉ. सीपी ठाकुर से बात कर लेनी चाहिए थी।