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    पायलटों का फर्जी लाइसेंस मामला, अब पाक उड़ानों पर पाबंदी लगा सकता है ओमान

    By Vinay TiwariEdited By:
    Updated: Wed, 15 Jul 2020 06:05 PM (IST)

    पाकिस्तान की हवाई उड़ानों पर रोक लगाने वाला पहला मुस्लिम देश ओमान हो सकता है। वह सुरक्षित हवाई यात्रा को लेकर कोई जोखिम नहीं उठाना चाहता। ...और पढ़ें

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    पायलटों का फर्जी लाइसेंस मामला, अब पाक उड़ानों पर पाबंदी लगा सकता है ओमान

    रावलपिंडी, एएनआइ। पाकिस्तान की हवाई उड़ानों पर रोक लगाने वाला पहला मुस्लिम देश ओमान हो सकता है। वह सुरक्षित हवाई यात्रा को लेकर कोई जोखिम नहीं उठाना चाहता। लिहाजा, पायलटों के संदिग्ध लाइसेंस प्रकरण में इस्लामाबाद से स्थिति साफ करने को कहा गया है।

    पाकिस्तानी अखबार डॉन के मुताबिक, अगर ओमान प्रतिबंध लगाने का फैसला करता है तो इसका बड़ा संदेश जाएगा। इससे पहले यूरोपियन यूनियन एयर सेफ्टी एजेंसी अपने सदस्य देशों में छह महीने के लिए पाकिस्तानी उड़ानों पर रोक लगा चुकी है। इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन भी पाकिस्तानी पायलटों के संदिग्ध लाइसेंस को लेकर चिंता जाहिर कर चुका है।

    सूत्रों के मुताबिक, पाकिस्तानी विमानन अथॉरिटी ने ओमान को भरोसा दिलाने की कोशिश की है कि पूरी जांच-परख के बाद ही पायलटों को उड़ान की अनुमति दी जा रही है। इस बीच, इथोपिया, सऊदी अरब और कुवैत ने भी अपने यहां विभिन्न एयरलाइंस में नियुक्त पाकिस्तानी पायलटों के बारे में इस्लामाबाद को स्थिति स्पष्ट करने के लिए कहा है।

    पाकिस्तान के कराची शहर में 22 मई को हुई हवाई दुर्घटना की शुरुआती जांच रिपोर्ट संसद में पेश करते हुए विमानन मंत्री गुलाम सरवर ने यह बताया था कि पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस (पीआइए) के 150 पायलटों के लाइसेंस संदिग्ध हैं। इस बयान ने दुनियाभर का ध्यान खींचा था। इस मामले में जांच-पड़ताल के बाद बड़ी संख्या में पायलटों के लाइसेंस रद किए जा रहे हैं, उनकी सेवाएं समाप्त की जा रही हैं।

    मालूम हो कि पाकिस्तान में जो विमान हादसे का शिकार हुआ था, उसके पायलट आपस में कोरोनावायरस को लेकर बातचीत कर रहे थे जिसकी वजह से उनका विमान पर ध्यान नहीं था। उनको जब विमान लैंड करवाना था उस समय उन्होंने कंट्रोल रूम के अनुसार काम भी नहीं किया जिसका नतीजा ये हुआ कि विमान दुर्घटना का शिकार हो गया। इसी के बाद पायलटों के लाइसेंस आदि की जांच शुरू हुई। इस जांच के बाद तमाम चीजें सामने आई, तब इनके लाइसेंस कैंसल कर दिए गए।