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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 22, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Nimisha Priya: 'निमिषा प्रिया की फांसी की सजा रद, जल्द की जाएंगी रिहा', धर्मप्रचारक केए पाल का बड़ा दावा

Published: Tue, 22 Jul 2025 10:00 PM (IST)

ग्लोबल पीस इनिशिएटिव के संस्थापक डॉ. केए पाल ने यमन से बताया कि भारतीय नर्स निमिषा प्रिया की फांसी यमनी ...और पढ़ें

भारतीय नर्स को यमन में मिली है फांसी की सजा। (फाइल फोटो)
भारतीय नर्स को यमन में मिली है फांसी की सजा। (फाइल फोटो)

HighLights

  1. वीडियो संदेश में भारत सरकार एवं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का जताया आभार।
  2. मुफ्ती अबूबकर चाहते हैं कि राष्ट्रपति मुर्मु तथा पीएम निमिषा का मुद्दा उठाएं।

एएनआई, सना। ग्लोबल पीस इनिशिएटिव के संस्थापक और जाने-माने धर्मप्रचारक डॉ. केए पाल ने यमन के सना से एक वीडियो संदेश में दावा किया है कि यमनी और भारतीय नेताओं के कई दिनों के अथक प्रयासों के बाद भारतीय नर्स निमिषा प्रिया की फांसी रद कर दी गई है।

उन्होंने अपने संदेश में यमनी नेताओं को उनके ''ठोस और प्रार्थनापूर्ण प्रयासों'' के लिए धन्यवाद दिया। मूल रूप से केरल के पलक्कड़ जिले की रहने वाली निमिषा को 2020 में अपने यमनी बिजनेस पार्टनर तलाल अब्दो महदी की हत्या का दोषी ठहराया गया था और तब से वह वहीं जेल में है। उसे 16 जुलाई को फांसी दी जानी थी।

निमिषा को लाया जाएगा भारत

डॉ. पाल ने कहा कि नेताओं ने पिछले दस दिनों से दिन-रात अथक प्रयास किए हैं। उन्होंने कहा, ''मैं उन सभी नेताओं को धन्यवाद देना चाहता हूं जिन्होंने निमिषा की फांसी रद करने में बड़ी सफलता हासिल की है। ईश्वर की कृपा से उसे रिहा कर दिया जाएगा और भारत ले जाया जाएगा। मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी को धन्यवाद देना चाहता हूं कि उन्होंने अपने राजनयिकों को भेजने और निमिषा को पेशेवर तरीके से सुरक्षित रूप से वापस ले जाने की तैयारी की है।''

'राष्ट्रपति मुर्मु उठाएं निमिषा का मुद्दा'

उधर, केरल के मुस्लिम विद्वान एवं वरिष्ठ मुफ्ती कंथापुरम एपी अबूबकर मुसलियार चाहते हैं कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 37-वर्षीय नर्स निमिषा का मुद्दा उठाएं क्योंकि बातचीत अगले चरण में पहुंच गई है।

यमन में इस्लामी दर्शन का अध्ययन करने वाले और मुफ्ती के करीबी सहयोगी जवाद मुस्तफावी ने कहा, ''हमारा एकमात्र उद्देश्य निमिषा की रिहाई है और हम अपनी भूमिका निभा रहे हैं। मुफ्ती ने ही यह कदम उठाया जब उन्होंने प्रसिद्ध यमनी सूफी धर्मगुरु शेख हबीब उमर से संपर्क किया। वह कुछ अवसरों पर मुफ्ती के यहां मेहमान रहे हैं। उनके हस्तक्षेप के बाद चीजें तेजी से आगे बढ़ रही हैं।''

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