यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 26, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Trump Tariff On India: ये है ट्रंप के टैरिफ का तोड़, 3 आसान स्टेप्स को फॉलो कर बच सकता है भारतीयों का पैसा
Trump Tariff On India भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक तनाव बढ़ गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन ...और पढ़ें

HighLights
- 27 अगस्त से अमेरिकी बाजार में भारतीय सामान पर 50% तक टैरिफ लगेगा।
- टेक्सटाइल, ज्वेलरी और हैंडीक्राफ्ट जैसे सेक्टरों में निर्यात 70% तक घटने का अनुमान।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। Trump Tariff On India : भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक तनाव अब एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। बुधवार 27 अगस्त सुबह 9.30 बजे से अमेरिका भारतीय सामानों पर 50% तक टैरिफ लगाने जा रहा है।
यह फैसला अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन की ओर से लिया गया है। ट्रंप सरकार का कहना है कि भारत रूस से कच्चा तेल खरीदना जारी रखे हुए है, इसलिए उस पर सख्त व्यापारिक कार्रवाई की जा रही है।
किन सामानों पर नहीं लगेगा ज्यादा टैरिफ?
- अगर भारतीय सामान 27 अगस्त सुबह 12.01 बजे से पहले अमेरिका के लिए भेजे जा चुके हैं, तो उस पर नया शुल्क नहीं लगेगा।
- अगर यह सामान अमेरिका में 17 सितंबर 2025 की आधी रात से पहले इस्तेमाल या क्लीयर हो गया, तो भी अतिरिक्त टैरिफ से बच जाएगा।
- इसके लिए आयातक को अमेरिकी कस्टम्स को एक खास कोड HTSUS 9903.01.85 के जरिए जानकारी देनी होगी।
ग्लोबल ट्रेड रिसर्च इनिशिएटिव (GTRI) की रिपोर्ट के मुताबिक कौन-कौन से सेक्टर नए टैरिफ से होंगे प्रभावित:-
- टेक्सटाइल, ज्वेलरी, झींगा और हैंडीक्राफ्ट जैसे सेक्टर बुरी तरह प्रभावित होंगे।
- अनुमान है कि इन उद्योगों का निर्यात 70% तक गिर सकता है, जिससे हजाों नौकरियां खतरे में पड़ जाएंगी।
- फार्मा और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर को फिलहाल ज्यादा नुकसान नहीं होगा।
अमेरिका क्यों कर रहा सख्ती?
ट्रंप का कहना है कि रूस की नीतियां अभी भी अमेरिकी सुरक्षा और विदेश नीति के लिए खतरा हैं। भारत द्वारा रूस से लगातार तेल खरीदना अमेरिका को खटक रहा है। इसलिए, अमेरिका ने इंटरनेशनल इमरजेंसी इकोनॉमिक पावर्स एक्ट (IEEPA) जैसे कानून का इस्तेमाल कर भारत पर ज्यादा टैरिफ लगा दिया है।
