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    Govt Calendar: बंगाल के नए सरकारी कैलेंडर पर बवाल, सुवेंदु का दावा- शब-ए-बारात पर छुट्टी; रामनवमी पर क्यों नहीं

    Updated: Wed, 17 Jan 2024 06:18 PM (IST)

    भाजपा विधायक सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि इस बार शब-ए-बारात रविवार को है और सोमवार को छुट्टी चुनने का कोई अतिरिक्त विकल्प नहीं है। इसके बावजूद शब-ए-बारात ...और पढ़ें

    बंगाल के नए सरकारी कैलेंडर पर बवाल शुरू हो गया है। (File Photo)

    राज्य ब्यूरो, कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा जारी नए साल के कैलेंडर पर अब सियासी बवाल खड़ा हो गया है। विधानसभा में विपक्ष के नेता व भाजपा विधायक सुवेंदु अधिकारी ने ममता सरकार व तृणमूल पर तुष्टीकरण की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए दावा किया कि नए कैलेंडर में 'शब-ए-बारात' के दिन छुट्टी की घोषणा की गई है, लेकिन मकर संक्रांति और रामनवमी की छुट्टी नहीं है। अपने इंटरनेट मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर एक पोस्ट में सुवेंदु ने लिखा कि तुष्टीकरण की राजनीति की रानी ममता बनर्जी ने एक फिर स्ट्राइक की है और शब-ए-बारात को आप्शनल (वैकल्पिक) छुट्टी की कैटेगरी में रखा है, जबकि पाकिस्तान में भी शब-ए-बारात के लिए कोई सार्वजनिक अवकाश नहीं है।

    सुवेंदु का दावा ममता कर रही तुष्टीकरण की राजनीति

    उन्होंने अपनी पोस्ट के साथ बंगाल और पाकिस्तान का सरकारी कैलेंडर को भी साझा किया है। भाजपा नेता ने कहा कि इस बार शब-ए-बारात रविवार को है और सोमवार को छुट्टी चुनने का कोई अतिरिक्त विकल्प नहीं है। इसके बावजूद शब-ए-बारात को ऑप्शनल हालिडे की कैटेगरी में रखा गया है। लेकिन बंगाल में मकर संक्रांति और रामनवमी के लिए कोई सार्वजनिक छुट्टी नहीं है। ममता सरकार को घेरते हुए सुवेंदु ने दावा किया कि इस कदम के पीछे तुष्टीकरण की राजनीति है।

    तृणमूल ने किया पलटवार

    दूसरी ओर तृणमूल के प्रवक्ता जयप्रकाश मजूमदार ने सुवेंदु के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भारत में कई धार्मिक रीति-रिवाज हैं। सभी रिवाजों को सभी राज्यों में समान तरीके से नहीं मनाया जाता है। बंगाल, बिहार और झारखंड में छठ पर सरकारी छुट्टी रहती है, लेकिन अन्य राज्यों में छुट्टी नहीं होती है।

    कर्मचारी को छुट्टी लेने का विकल्प

    मजूमदार ने बताया कि सुवेंदु ने धार्मिक रीति-रिवाज के ज्ञान की कमी के कारण ऐसा कहा है। इसलिए लोगों को इसे गंभीरता से नहीं लेना चाहिए। बता दें कि वैकल्पिक छुट्टी किसी समुदाय विशेष के त्योहार या विशेष आयोजन पर दी जाती है। इसमें संबंधित समुदाय से आने वाले कर्मचारी को छुट्टी लेने का विकल्प रहता है।

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