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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 03, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

उत्‍तराखंड के टूरिज्‍म डिपार्टमेंट की वेबसाइट हैक, हैकर्स ने दिल्‍ली दंगे को लेकर दी चेतावनी

By Skand ShuklaEdited By:
Published: Tue, 03 Mar 2020 02:27 PM (IST)Updated: Tue, 03 Mar 2020 08:31 PM (IST)

उत्‍तराखंड के टूरिज्‍म डिपार्टमेंट की वेबसाइट हैक करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। सुबह से वेबसाइट खुल नहीं रही है।

उत्‍तराखंड के टूरिज्‍म डिपार्टमेंट की वेबसाइट हैक, हैकर्स ने दिल्‍ली दंगे को लेकर दी चेतावनी
उत्‍तराखंड के टूरिज्‍म डिपार्टमेंट की वेबसाइट हैक, हैकर्स ने दिल्‍ली दंगे को लेकर दी चेतावनी

हल्द्वानी, जेएनएन : उत्‍तराखंड के टूरिज्‍म डिपार्टमेंट की वेबसाइट हैक करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। सुबह से वेबसाइट खुल नहीं रही है। वेबसाइट के यूआरएल पर दोपहर तक जो मैसेज शो हाे रहा रहा था उसके मुताबिक हैकर्स इंडोनेशिया के मुस्लिम हैं। उन्‍हाेंने दिल्‍ली दंगों में मुस्लिमों पर हमले को लेकर चेतावनी दी है। हैकर्स ने कहा है कि यदि हमारे मुस्लिम भाइयों को और नुकसान पहुंचाया गया तो हम चुप नहीं बैठेंगे। भारत की और वेबसाइट भी हैक करेंगे।

दिल्‍ली दंगे में दोनों ही समुदाया के लोगों की मौत

पिछले दिनों सीएए के विरोध में दिल्ली में सड़क जाम करने के दौरान 24 फरवरी से दंगे शुरू हो गए थे। इस दौरान दोनों तरफ से हुई शुरू हुई पत्थरबाजी तोड़फोड़ और आगजनी में बदल गई। कुछ ही देर में दो समूहों के बीच देसी कट्टों से गोलीबारी शुरू हो गई। इन दंगों में पेट्रोल बम से लेकर एसिड तक का इस्तेमाल किया गया था। तीन दिनों तक दिल्‍ली दंगे की आग में झुलसती रही। 45 से अधिक लोगों की मौत हो गई थी। सैकड़ों लोग घायल हो गए। मरने वालों और घायलों में दोनों ही समुदाय के लोग शामिल थे।

2019 में 21,400 से अधिक वेबसाइटें हैक

साल 2019 में अक्टूबर तक 21,400 से अधिक भारतीय वेबसाइट हैक हो चुकी है। इंडियन कंप्यूटर इमर्जेंसी रिस्पॉन्स टीम (CERT-In) के पास मौजूद जानकारी के मुताबिक 2016 में 33147, 2017 में 30067, 2018 में 17560 और 2019 में (अक्टूबर तक) 21467 भारतीय वेबसाइट हैक हुई थीं। समय-समय पर देश के साइबर स्पेस पर साइबर अटैक करने की कोशिशें की गई हैं।

दुनियाभर में कंप्यूटर सिस्टम्स के साथ छेड़छाड़

साइबर अटैक करने वाले दुनियाभर में कंप्यूटर सिस्टम्स के साथ छेड़छाड़ कर रहे हैं। वे छिपे हुए सर्वर या ऐसी तकनीक का इस्तेमाल करते हैं जिससे उनके सिस्टम की पहचान नहीं हो पाती है। CERT-In के पास मौजूद जानकारी के अनुसार, हमला करने वाले कंप्यूटर्स की लोकेशन चीन, पाकिस्तान, नीदरलैंड, फ्रांस, ताइवान, ट्यूनीशिया, रूस, अल्जीरिया और सर्बिया जैसे देशों की पाई गई।

2018 में URL ब्लॉक करने की 4,192 शिकायतें

आइटी कानून की धारा 69ए के तहत इन्फार्मेशन टेक्नॉलजी मिनिस्ट्री को 2018 में URL ब्लॉक करने की 4,192 शिकायतें मिली थीं। 2019 में (अगस्त तक) इससे जुड़ी 3,847 कंप्लेंट मिली थीं। सरकार ने धारा 69ए के नियमों के मुताबिक उन URL को ब्लॉक करने के लिए जरूरी कदम उठाए। आईटी एक्ट, 2000, की धारा 69ए के तहत सरकार को देश के हित और रक्षा, विदेशी राज्यों से संबंध या पब्लिक ऑर्डर को नुकसान पहुंचाने वाली किसी जानकारी को ब्लॉक करने का अधिकार है।

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