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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 21, 2019 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मूंछ की लड़ाई : अभिनंदन स्टाइल में मूंछ रखने के मामले में सूबेदार मेजर पर कार्रवाई

By Skand ShuklaEdited By:
Published: Sun, 21 Apr 2019 12:51 PM (IST)Updated: Mon, 22 Apr 2019 12:11 AM (IST)

विंग कमांडर अभिनंदन स्टाइल में मूंछ रखने के मामले में सेनानायक की ओर से आदेश जारी करना 46वीं वाहिनी पीएसी के सूबेदार मेजर को भारी पड़ गया।

मूंछ की लड़ाई : अभिनंदन स्टाइल में मूंछ रखने के मामले में सूबेदार मेजर पर कार्रवाई
मूंछ की लड़ाई : अभिनंदन स्टाइल में मूंछ रखने के मामले में सूबेदार मेजर पर कार्रवाई

विनोद भंडारी, ऊधमसिंह नगर। विंग कमांडर अभिनंदन स्टाइल में मूंछ रखने के मामले में सेनानायक की ओर से आदेश जारी करना 46वीं वाहिनी पीएसी के सूबेदार मेजर को भारी पड़ गया। जांच के बाद विभागीय कार्रवाई करते हुए उसके खिलाफ मिस कंडक्ट के आदेश दिए गए हैं। बता दें कि ङ्क्षवग कमाडंर अभिनंदन स्टाइल में 46वीं वाहिनी पीएसी में तैनात एक कर्मी ने अपनी मूंछ रखी थी। पीएसी अधिकारियों ने उसे मानक के अनुरूप ही मूंछ रखने के निर्देश दिए थे। इसके बाद सेनानायक की तरफ से सूबेदार मेजर ने 13 मार्च को लिखित आदेश भी जारी कर दिए। यह आदेश सोशल मीडिया में वायरल हुआ तो 46वीं वाहिनी के सेनानायक सुखवीर ङ्क्षसह ने जांच के आदेश दे दिए थे। जांच में पता चला कि सेनानायक सुखवीर ङ्क्षसह के मौखिक आदेश को सूबेदार मेजर आरएस नेगी ने लिखित आदेश बनाकर पीएसी कर्मियों के वाट्सएप ग्रुप में सर्कुलेट कर दिए थे। सेनानायक ने इस मामले में सूबेदार मेजर से जवाब तलब किया था और विभागीय जांच के आदेश दिए थे। इधर, जांच पूरी होने के बाद दोषी मिलने पर सूबेदार मेजर के खिलाफ मिस कंडक्ट लगाई गई है।

यह था पूरा मामला

एक पीएसी कर्मी निलंबन के बाद से ही गैरहाजिर चल रहा था। उसे 13 मार्च को बुलाया सेनानायक के समक्ष पेश होने के निर्देश दिए गए थे। वह पहुंचा तो पर वीरप्पन स्टाइल में मूंछ रखकर। सेनानायक ने उसे मानक के अनुरूप मूंछ रखने को कहा, साथ ही सूबेदार मेजर आरएस नेगी से भी गणना के दौरान सभी पीएसी कर्मियों को मौखिक रूप से मानक के हिसाब से ही मूंछ रखने के निर्देश दिए थे। इन मौखिक आदेशों को  सूबेदार मेजर ने सेनानायक के नाम पर लिखित में जारी कर दिया, साथ ही सेनानायक के खुद ही हस्ताक्षर भी कर दिए। सेनानायक के नाम का यह आदेश सोशल मीडिया के हाथ लगा तो चर्चा में आ गया। सेनानायक को इस मामले में अपना पक्ष तक रखना पड़ा था। सुखवीर सिंह, सेनानायक, 46वीं वाहिनी पीएसी, रुद्रपुर का कहना है कि सूबेदार मेजर के खिलाफ जांच पूरी हो गई है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई करते हुए मिस कंडक्ट की कार्रवाई की गई है।

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