यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 10, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
खनन माफियाओं के पूरे खेल में सरकार का समर्थन: शिवानंद सरस्वती
मातृसदन आश्रम के परमाध्यक्ष शिवानंद सरस्वती का कहना है कि केंद्र और राज्य सरकार दोनों को खनन माफियाओं का समर्थन है।

हरिद्वार, [जेएनएन]: हरिद्वार नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत गंगा के बहाव को अविरल करने के लिए अंदर से गाद निकालने का ठेका दिए जाने की योजना को लेकर मातृसदन आश्रम के परमाध्यक्ष शिवानंद सरस्वती ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने केंद्र व राज्य सरकार पर निशाना साधकर खनन माफियाओं का समर्थन करने का आरोप लगाया है।
पत्रकार वार्ता में जगजीतपुर कनखल स्थित मातृसदन आश्रम के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती ने कहा कि नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत गंगा के बहाव को अविरल करने के लिए अंदर से गाद निकालने का ठेका दिए जाने की तैयारी है, जबकि भीमगौड़ा बैराज होने के कारण गंगा में बोल्डर, पत्थर बहकर नहीं आता है।
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कहा कि केद्र व राज्य सरकार हरिद्वार में गंगा को नष्ट करने की योजना तैयार कर रही है। कहा कि केंद्रीय मंत्री उमा भारती पर निशाना साधते हुए कहा कि आश्रम के संत निगमानंद के बलिदान के बाद उमा भारती ने अनशन में फलआहार कर नाटक किया।
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उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार, राज्य सरकार व केंद्रीय मंत्री उमा भारती गंगा की बर्बादी में तुली है। आरोप लगाया कि खनन माफियाओं को सीएम हरीश रावत का सरंक्षण प्राप्त है। हरिद्वार में किसी भी तरह का खनन नहीं हो सकता है, लेकिन पट्टे जारी कर उपखनिज को निकाला जा रहा है। कहा कि गंगा की रक्षा को आश्रम के संत बलिदान को तैयार है। सरकार कीयोजना का पुरजोर विरोध किया जाएगा।
