यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 08, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
रुड़की में मदरसों में सामने आया बड़ा घोटाला, पढ़ाई छोड़ चुके छात्रों के नाम पर चल रहा था खेल
रुड़की में जॉइंट मजिस्ट्रेट के निरीक्षण में मदरसों की चौंकाने वाली सच्चाई सामने आई है। कई मदरसों में मिड डे ...और पढ़ें

HighLights
- मदरसों में मिड डे मील का राशन गायब
- पंजीकृत छात्रों में भारी अनियमितता
- वित्तीय अनियमितताओं की खुली पोल
संवाद सहयोगी, जागरण, रुड़की। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के निरीक्षण में रुड़की विकासखंड के कई मदरसों का सच बाहर आ गया है। निरीक्षण के दौरान सरकार की ओर से दिया गया मिड डे मील का राशन और बर्तन नहीं मिली। साथ ही, दो साल पहले पढ़ाई छोड़ चुके छात्रों के नाम भी मदरसे के रजिस्टर में पंजीकृत थे। वहीं, कई तरह की वित्तीय अनियमितता भी निरीक्षण के दौरान मिली है।
बुधवार को ज्वाइंट मजिस्ट्रेट दीपक रामचंद्र शेट ने मदरसों की जांच-पड़ताल की। सबसे पहले तहसीलदार विकास अवस्थी व राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय रामनगर के प्रधानाचार्य एनडी शर्मा भंगेडी महावतपुर गांव स्थित मदरसा तूल आलीम पब्लिक स्कूल में पहुंचे। यहां पर सबसे पहले उपस्थिति चेक की गई।
उपस्थिति पंजिका में पढ़ाई छोड़ चुके छात्रों के नाम
इस दौरान उन्होंने पाया कि मदरसे में ऐसे छात्रों के नाम उपस्थिति पंजिका में दर्ज थे, जोकि दो साल पहले पढ़ाई छोड़ चुके हैं। इसके अलावा मिड डे मील का राशन एवं बिल तक नहीं थे।
इस मदरसे में मिड डे मील का तीन लाख रुपये का चेक सीधे मदरसा प्रबंधक के खाते में भेजा गया था, जोकि नियम विरुद्ध है। इसके बाद टीम शहर के ग्रीन पार्क कालोनी में मदरसा जामिया फैज-ए-आम की चेकिंग की गई। यहां पर उपस्थिति चेक की गई तो यहां पर एक अक्टूबर के बाद से रेकार्ड व्यवस्थित नहीं था। मदरसे में मीड डे मील के बर्तन और राशन नहीं मिला।
पूछने पर कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट दीपक रामचंद्र शेट, तहसीलदार विकास अवस्थी एवं खंड शिक्षा अधिकारी अभिषेक शुक्ला ने ग्रीन पार्क में स्थित मदरसा जामिया-को. दारूल फलां में जांच पड़ताल की।
मदरसे में कुल 44 बच्चे पंजीकृत थे। जिससे मौके पर 23 छात्र ही मिले हैं। शेष के बारे में जानकारी मिली कि वह दो साल पहले पढ़ाई छोड़ चुके हैं। मिड डे मील बनाया जा रहा था, लेकिन रजिस्टर व्यवस्थित नहीं था। इसके बाद टीम ने सौत मोहल्ला, मदरसा मकदूम बक्श का निरीक्षण किया। यहां पर सभी व्यवस्था दुरुस्त मिली। इस कार्रवाई से मदरसा संचालकों में हड़कंप मचा रहा।
ज्वाइंट मजिस्ट्रेट दीपक रामचंद्र शेट ने बताया कि इस संबंध में रिपोर्ट अधिकारियों को भेजी जा रही है। आगे भी इसी तरह से जांच-पड़ताल की जाएगी।
