टीम जागरण, उत्तरकाशी : Uttarakhand Weather : उत्‍तरकाशी के पुरोला में बुधवार को रात भर भारी वर्षा से नदी नाले उफान पर आ गए, जिस वजह यहां बाढ़ (Flood in Uttarkashi) जैसे हालात पैदा हो गए। 

भारी नुकसान की आशंका

यहां कुमोला खड्ड के उफान पर आने से सात दुकानें बह गई हैं। रात से ही क्षेत्र में बिजली नहीं है। भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। यहां पीएनबी बैंक का एटीएम भी बह गया है। नगर पंचायत पुरोल की निर्माणधीन पार्किंग मार्ग समेत जल संस्थान मार्ग की दीवार ध्वस्त हो गई है। लोनिवि आवासीय भवनों के पास पैदल मार्ग की दीवार टूटने सहित नगर क्षेत्र में जगह जगह नुकसान हुआ है।

जानकारी के मुताबिक पुरोला क्षेत्रा में अतिवृष्टि के कारण गुरुवार तड़के तीन बजे कुमोला खड्ड में जल स्तर बढ़ गया, जिस कारण वार्ड नं0-5 कुमोला रोड पुरोला में चार भवन स्वामियों की सात दुकानें बह गयी हैं।

यहां कोई जनहानि नहीं हुई है। वहीं इन सात दुकानों में एक पंजाब नेशनल बैंक का एटीएम, दो ज्‍वेलर्स की दुकानें, एक खाने का होटल, एक ग्लोबल कम्प्यूटर की दुकान, एक टेलर की दुकान व एक अन्य दुकान बही है।

दुकान मालिकों के नाम अनिल टोडी निवासी पुरोला, डाक्‍टर अश्विनी बैरागी निवासी पुरोला, सूर्यपाल रावत निवासी पुरोला, मदन सिंह रमोला निवासी ग्राम ठकराली, तहसील पुरोला शामिल हैं।

बिजली की लाइन भी क्षतिग्रस्त होने से पुरोला में बिजली आपूर्ति ठप है। बता दें कि कुमोला खड्ड के पास पहले ही दुकान और मकान ढहने का खतरा बना हुआ था, दैनिक जागरण ने इस मामले में पहले भी खतरे को लेकर खबर दी थी।

उत्तरकाशी में कहीं-कहीं भारी वर्षा की चेतावनी

बता दें कि मौसम विभाग ने पहले ही गुरुवार को देहरादून और उत्तरकाशी में कहीं-कहीं भारी वर्षा (Heavy Rain Alert) की चेतावनी दी थी। वहीं रात्रि को हुई बारिश के कारण गंगोत्री (Gangotri Highway) और यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग (Yamunotri Highway) कई स्थानों पर बाधित हो गए हैं। गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग बंदरकोट के पास अवरुद्ध है, जबकि यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग सिल्क्यारा सहित कई स्थानों पर अवरुद्ध है।

कर्णप्रयाग-रानीखेत राजमार्ग पर दस घंटे बाद सुचारू

सिरोली के समीप मंगलवार दोपहर एक बजे बोल्डर आने से अवरुद्ध हुए कर्णप्रयाग-रानीखेत राजमार्ग को मंगलवार रात दस बजे बाद बड़े वाहनों के लिए सुचारू कर दिया गया। एक ट्रक के मलबे में धस जाने से मार्ग पर बड़े वाहनों की आवाजाही बंद हो गई थी।

इस दौरान सैकड़ों की संख्या में वाहन मार्ग के दोनों ओर फंसे रहे, कई यात्रियों को अपने बीमार मरीजों को लेकर श्रीनगर हायर सेंटर, देहरादून, रानीखेत पहुंचना था। जबकि कई स्थानीय निवासी अपने गृह क्षेत्र पहुंचने के लिए घंटों मार्ग खुलने का इंतजार करते रहे। इस दौरान लोगों को भारी परेशानी हुई।

बुधवार को राजमार्ग पर आवाजाही सुचारू रही, जबकि मंगलवार को अवरूद्ध मार्ग को रात नौ बजे बाद छोटे वाहनों व बाद में बड़े वाहनों के लिए खोल दिया गया था।

Edited By: Nirmala Bohra