यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 29, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
देहरादून: आरसी के बाद भी निवेशकों के 11 करोड़ दबाए बैठे हैं बिल्डर, जानें- अब तक किससे कितनी वसूली
निवेशकों के न सिर्फ सपने छले जा रहे हैं बल्कि उनकी खून-पसीने की कमाई भी लूटी जा रही है। उनकी ...और पढ़ें

देहरादून, सुमन सेमवाल। निवेशकों के न सिर्फ सपने छले जा रहे हैं, बल्कि उनकी खून-पसीने की कमाई भी लूटी जा रही है। उनकी खता बस इतनी है कि एक अदद आशियाने का ख्वाब देखा था और बिल्डरों के सब्जबाग में आकर जीवनभर की कमाई उन्हें सौंप दी। बदले में न तो समय पर फ्लैट ही मिला और जब रकम वापस मांगने गए तो बैरंग लौटा दिया गया। हताश निवेशक रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (रेरा) के पास भी जा रहे हैं, मगर हक में फैसला आने के बाद भी बिल्डर सुनने को तैयार नहीं। अंत में जब रेरा बिल्डरों की संपत्ति कुर्क करने के लिए आरसी (रिकवरी सर्टिफिकेट) जारी कर रहा है तो समय पर वसूली नहीं हो पा रही। आंकड़ों पर गौर करें तो 11.90 करोड़ रुपये की आरसी जारी होने के बाद भी अब तक महज 68.85 लाख रुपये ही वसूल किए जा सके हैं।
रेरा आरसी के आदेश संबंधित जिलाधिकारियों को जारी करता है। ताकि संबंधित तहसीलों के माध्यम से वसूली कराई जा सके, मगर कहीं तहसील कार्मिकों की उदासीनता, तो कहीं तकनीकी पेच के चलते वसूली का ग्राफ नीचे है। आरसी के 46 आदेश जारी होने के बाद एक बिल्डर (दो प्रकरण) ने पूरी राशि जमा कराई है। पांच प्रकरण में आंशिक धनराशि ही निवेशकों को लौटाई गई और शेष प्रकरणों में कुछ भी धनराशि नहीं लौटाई गई।
रेरा के आदेश की नाफरमानी करने के मामले में नीसू कंस्ट्रक्शन व सामिया इंटरनेशनल लिल्डर्स प्रा.लि. आगे हैं। नीसू के खिलाफ रेरा ने 20 मामलों में आरसी जारी की है और सामिया बिल्डर्स के 11 मामलों में आरसी जारी की जा चुकी है।
वसूली गई राशि
बिल्डर, राशि, वसूली
एसए बिल्डटेक, 1.04 करोड़, 30 लाख
जीआर रियलकॉन, 47.08, 03 लाख
जीआर रियलकॉन, 32.75 लाख, 02 लाख
सामिया इंटरनेशनल, 45.02 लाख, 10 लाख
सामिया इंटरनेशनल, 7.96 लाख, 2.95 लाख
हरिद्वार, दून व ऊधमसिंहनगर में सर्वाधिक आरसी
आरसी जारी होने के मामले में हरिद्वार जिला सबसे आगे है। हरिद्वार में 19 मामलों में आरसी जारी की जा चुकी है, जबकि दून व ऊधमसिंहनगर में 13-13 मामलों में अब तक आरसी जारी की गई है।
घटा वसूली ग्राफ
जुलाई माह तक कुल रिकवरी के सापेक्ष 6.98 फीसद धनराशि की रिकवरी की गई थी। वर्तमान में यह दर घटकर पांच फीसद पर आ गई है। जुलाई तक रेरा ने 37 रिकवरी आदेश जारी किए थे और अब यह संख्या बढ़कर 46 हो गई है।
