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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 19, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Kanwar 2022 : मेले में आकर्षण का केंद्र बनी नोटों से सजी दिल्ली की कांवड़, देखने वालों की लगी भीड़, तस्‍वीरें

By Nirmala BohraEdited By:
Published: Tue, 19 Jul 2022 11:54 AM (IST)

Kanwar Yatra 2022 हरकी पैड़ी और आसपास के गंगा घाट शिवभक्तों से गुलजार हो रहे हैं। इस बार 26 जुलाई ...और पढ़ें

Kanwar Yatra 2022 : जैसे ही कांवड़ ने धर्मनगरी में प्रवेश किया देखने वालों की भीड़ लग गई
Kanwar Yatra 2022 : जैसे ही कांवड़ ने धर्मनगरी में प्रवेश किया देखने वालों की भीड़ लग गई

जागरण संवाददाता, हरिद्वार : Kanwar Yatra 2022 : कांवड़ मेला आस्था और विश्वास का ऐसा पर्व है, जिसमें रंगने को हर कोई आतुर रहता है। कांवड़ मेले कई राज्‍यों के भक्‍तों की टोलियां पहुंच रही हैं। इसी क्रम में हरिद्वार में नोटों से सजी दिल्‍ली की कांवड़ आकर्षण का केंद्र बन गई। जैसे ही कांवड़ ने धर्मनगरी में प्रवेश किया देखने वालों की भीड़ लग गई।

जी हां, 500-500 और 100-100 रुपये के नोटों से सजी कांवड़ मेले में आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। कांवड़ को दिल्ली के युवाओं की टोली धर्मनगरी हरिद्वार लेकर पहुंची है। सोमवार रात को जिस वक्त यह भक्‍त उक्‍त कांवड़ लेकर हरकी पैड़ी पर पहुंचे बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। हर कोई मोबाइल से फोटो खींचने लगा और वीडियो बनाने लगा।

कांवड़ के साथ मौजूद संजीव कुमार ने बताया कि युवा लोग दिल्ली से कांवण को लेकर सोमवार की रात हरिद्वार पहुंचे हैं। हरकी पैड़ी से गंगाजल लेकर दिल्ली के लिए प्रस्थान कर जाएंगे। बताया कि कुछ अलग करने के उद्देश्य से कावड़ को 500-500 और 100-100 रुपये के नोटों से सजाया गया है। इसमें कुल सवा लाख रुपये लगे हैं।

बरसात के मौसम में नोट खराब न हो इसके लिए भी पूरा ध्‍यान रखा गया है। यह भी ध्‍यान में रखा गया है कि नोट बाद में इस्तेमाल हो सकें। जहां-जहां भी नोट लगे हैं, उस सहित पूरी कावड़ को पैकिंग प्लास्टिक से कवर किया गया है, जिससे इस पर धूल मिट्टी और पानी का प्रभाव नहीं पड़ेगा।

वहीं कांवड़ यात्रा शुरू होने से अब तक 30 लाख श्रद्धालु जल लेकर प्रस्थान कर चुके हैं। उप्र, हरियाणा, राजस्थान, पंजाब, दिल्ली-एनसीआर समेत विभिन्न राज्यों से बड़ी संख्या में शिवक्त हरकी पैड़ी पर गंगा जल भरने पहुंच रहे हैं। शहर को भीड़ से बचाने के लिए बैरागी कैंप में पानी, बिजली, प्रकाश, पार्किंग की समुचित व्यवस्था की गई है।

हरकी पैड़ी और आसपास के गंगा घाट शिवभक्तों से गुलजार हो रहे हैं। बम-बम भोले के जयकारों के बीच भक्‍त आस्था की डुबकी लगा रहे थे। यात्रा में शिवभक्ति के संग देशभक्ति का रंग भी देखने को मिल रहा है। इस बार 26 जुलाई को जलाभिषेक होगा। 20 जुलाई से शिवभक्तों की भीड़ और बढ़ने की उम्मीद जतायी जा रही है।

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