विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 06, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

कांग्रेस नेता बोले-कोरोना महामारी नियंत्रित करनेको कठोर कदम उठाए सरकार

By Sunil NegiEdited By:
Published: Thu, 06 May 2021 07:54 AM (IST)

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह और नेता प्रतिपक्ष डा इंदिरा हृदयेश ने मुख्यमंत्री तीरथ रावत को पत्र लिखकर कोरोना संक्रमण ...और पढ़ें

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह और नेता प्रतिपक्ष डा इंदिरा हृदयेश। फाइल फोटो
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह और नेता प्रतिपक्ष डा इंदिरा हृदयेश। फाइल फोटो

राज्य ब्यूरो, देहरादून। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह और नेता प्रतिपक्ष डा इंदिरा हृदयेश ने मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत को पत्र लिखकर कोरोना संक्रमण काल में राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं में बदहाली को जल्द दुरुस्त करने पर जोर दिया। साथ ही महामारी को नियंत्रित करने के लिए कठोर कदम उठाने की पैरवी की है।

पत्र में कहा गया कि बीती 24 अप्रैल को सर्वदलीय बैठक में सभी राजनीतिक दल एक स्वर में कोरोना महामारी के खिलाफ लड़ाई में सरकार को सहयोग देने की प्रतिबद्धता जता चुके हैं। कोरोना महामारी की चेन को तोड़ने के लिए सरकार जो भी कदम उठाएगी, विपक्ष पूरा सहयोग करेगा। प्रदेश में लगातार प्रतिदिन पांच हजार से ज्यादा लोग कोरोना संक्रमित हो रहे हैं। मृत्यु दर ज्यादा होना चिंताजनक है। सर्वदलीय बैठक में सरकार को मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए अस्पतालों में आक्सीजनयुक्त बेड, आइसीयू बेड व वेंटिलेटरयुक्त बेड की कमी दूर करने के लिए तत्काल प्रभाव से कदम उठाने को कहा गया था, ताकि मरीजों व उनके स्वजनों को राहत मिल सके।

मरीजों को बेहतर इलाज के लिए रेमडेसिविर इंजेक्शनों की नितांत आवश्यकता है। इसकी तत्काल प्रभाव से व्यवस्था की जानी चाहिए। इन इंजेक्शनों की कालाबाजारी हो रही है। इस पर रोक लगाकर कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं। बाहर से आने वाले व्यक्तियों की व्यापक स्तर पर टेस्टिंग व क्वारंटाइन की व्यवस्था राज्य के प्रवेश स्थलों पर की जानी चाहिए। इससे संक्रमण को रोकने में मदद मिलेगी। कोरोना के नियंत्रण को टेस्टिंग बढ़ाने और इसकी रिपोर्ट 24 घंटे में उपलब्ध कराने का सुझाव दिया गया है। 18 से 45 वर्ष आयु के व्यक्तियों का टीकाकरण तत्काल प्रभाव से प्रारंभ करने की मांग की गई।

पत्र में कहा गया कि महामारी को रोकने के लिए व्यापक प्रबंध कहीं भी दिखाई नहीं दे रहे हैं। संक्रमण के दौरान उपयोग में लाई जाने वाली वस्तुएं बाजार से गायब हैं। रुड़की में पांच मरीजों की आक्सीजन की कमी से मौत ने सरकार के दावों की पोल खोल दी है। पार्टी इस घटना की निंदा करती है। पार्टी ने वर्तमान परिस्थितियों में तत्काल कठोर कदम उठाने की पैरवी की है।

यह भी पढ़ें-भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक ने दी विपक्ष को संयम रखने की नसीहत

Uttarakhand Flood Disaster: चमोली हादसे से संबंधित सभी सामग्री पढ़ने के लिए क्लिक करें