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    Varanasi News: स्कूल में गद्दे पर सो रहे थे तीन शिक्षक, अधिकारियों ने रंगे हाथ पकड़ा; तीनों निलंबित

    Updated: Wed, 26 Feb 2025 04:11 PM (IST)

    उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां हरहुआ ब्लाक के प्राथमिक विद्यालय पुआरी खुर्द में तीन शिक्षकों को स्कूल में गद्दे पर सोते हुए रंगे हाथ पकड़ा गया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के औचक निरीक्षण में यह मामला सामने आया। तीनों शिक्षकों को निलंबित कर दिया गया है जबकि प्रधानाध्यापक और तीन अन्य को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।

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    निरीक्षण के दौरान जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अरविंद कुमार पाठक वहां बिछे बिस्तर को देखते हुएl जागरण

    जागरण संवाददाता, वाराणसी। हरहुआ ब्लाक स्थित प्राथमिक विद्यालय पुआरी खुर्द अध्यापकों की आरामगाह बन गया है। लगातार प्राप्त हो रही शिकायतों को देखते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अरविंद कुमार पाठक ने मंगलवार को पुआरी खुर्द विद्यालय का दोपहर लगभग दो बजे औचक निरीक्षण किया गया।

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    इसमें कुल 13 स्टाफ में से मात्र सात उपस्थित थे। दो महिलाएं सीएल व चिकित्सा अवकाश पर थीं। शेष तीन अध्यापक हस्ताक्षर करके गायब थे। स्कूल में गद्दा लगाकर सोने व अनुपस्थित रहने के मामले में तीन सहायक अध्यापक निलंबित कर दिए गए हैं, जबकि प्रधानाध्यापक एवं तीन अन्य को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।

    विद्यालय में अध्यापकों की अनुशासनहीनता का आलम यह था कि पीछे एक कक्षा कक्ष को रंगाई पुताई करके उसमें कालीन व गद्दा बिछा कर शयन कक्ष बनाया गया था। बगल में एक सिंगल बेड जैसा फोल्डिंग बेड रख कर शयन कक्ष बनाया गया था।

    निरीक्षण के दौरान सहायक अध्यापक संजय कुमार, सहायक अध्यापक संतोष कुमार मिश्र व सहायक अध्यापक गिरीश प्रसाद उसमें सोते पाए गए। जैसे ही जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने कक्षा कक्ष में प्रवेश किया तीनो उठ कर हड़बड़ा कर वहां से बाहर की ओर निकल गए।

    तीन अध्यापकों पर हुई कार्रवाई। जागरण


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    विद्यालय के निरीक्षण में भारी मात्रा में पाठ्य पुस्तकें पाई गईं जिनका वितरण प्रधानाध्यापक एवं समस्त स्टाफ द्वारा बच्चों को नहीं किया गया था। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने इस घोर अनुशासनहीनता मानते हुए बालकों के निशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा अधिकार अधिनियम 2009, प्रोटेक्शन आफ राइट आफ चिल्ड्रन एक्ट, एवं उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक अनुशासन एवं अपील नियमावली 1999 का उल्लंघन मानते हुए प्रथम दृष्टया संतोष कुमार मिश्र, संजय कुमार व गिरीश प्रसाद को निलंबित कर दिया है।

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    बिना प्रधानाध्यापक के मिलीभगत के कोई अध्यापक विद्यालय को शयन कक्ष नहीं बना सकता एवं विद्यालय से अनुपस्थित नहीं हो सकता के आधार पर प्रधानाध्यापक को दोषी मानते हुए प्रधानाध्यापक के विरुद्ध उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक नियमावली अनुशासन एवं अपील नियमावली 1999 यथा संशोधित के तहत अनुशासनिक कार्यवाही संस्थित की गई। उपरोक्त अनुशासनिक कार्यवाही की जांच खंड शिक्षा अधिकारी पिंडरा, सेवापुरी व चिरईगांव द्वारा की जाएगी।