श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर में स्पर्श दर्शन पर अभी जारी रहेगा प्रतिबंध, आज काफी संख्या में पहुंच सकते हैं श्रद्धालु
श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ के कारण स्पर्श दर्शन पर लगा प्रतिबंध जारी रहेगा। नववर्ष और पौष पूर्णिमा के चलते श्रद्धालुओं की संख्या ...और पढ़ें

श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर। जागरण
जागरण संवाददाता, वाराणसी। श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर में बाबा के स्पर्श दर्शन के लिए भक्तों को अभी प्रतीक्षा करनी पड़ेगी। श्रद्धालुओं के प्रबल जनप्रवाह को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने स्पर्श दर्शन पर लागू प्रतिबंध अभी और आगे जारी रखने का निर्णय लिया है। इस पर छूट के संबंध में निर्णय सोमवार पांच जनवरी को स्थिति देखने के बाद लिया जाएगा।
नववर्ष आरंभ के सप्ताह भर पूर्व क्रिसमस वीक से ही काशीपुराधिपति दरबार में श्रद्धालुओं की संख्या काफी बढ़ गई थी। भक्तों की भारी भीड़ देखते हुए सुगम दर्शन बनाए रखने हेतु मंदिर प्रशासन ने तीन जनवरी शनिवार तक के लिए स्पर्श दशर्न पर प्रतिबंध लगा दिया था।
नववर्ष के तीन दिन बीत जाने के बाद भी श्रद्धालुओं की संख्या तीन लाख के पार बनी हुई है। शनिवार को ही शाम साढ़े चार बजे तक 2.62 लाख श्रद्धालु दर्शन कर चुके थे। रात्रि 11 बजे शयन आरती के पश्चात मंदिर के पट बंद होने तक यह संख्या साढ़े तीन लाख पार कर जाने की संभावना बनी हुई थी।
मंदिर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी विश्व भूषण मिश्र ने बताया कि शनिवार को पौष पूर्णिमा का स्नान था, रविवार को अवकाश का दिन है, ऐसे में प्रयागराज में पूर्णिमा स्नान कर काफी संख्या में भक्तों का आगमन काशी में होना संभावित है, ऐसी दशा में बाबा दरबार में फिर श्रद्धाल़ुओं का रेला उमड़ सकता है।
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ऐसे में निर्णय लिया गया है कि अब पांच जनवरी को स्थिति की समीक्षा करते हुए स्पर्श दर्शन के संबंध में यथोचित निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि दिसंबर के अंतिम सप्ताह में 11 लाख, नववर्ष के प्रथम दिवस छह लाख, दो जनवरी को 2.94 लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन किया था। बीते वर्ष में सात करोड़ से अधिक श्रद्धालुु बाबा दरबार में शीश नवा चुके हैं।

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