मुरादाबाद, जेएनएन। मुरादाबाद रेल मंडल में अंग्रेजों के जमाने के सिस्टम से चलने वाला सफीपुर रेलवे स्टेशन शनिवार को आधुनिक स्टेशन हो गया। अब यहां कंप्‍यूटर द्वारा ट्रेनों का संचालन किया जाएगा।

मुरादाबाद रेल मंडल में बालामऊ उन्नाव रेल मार्ग है। इस रेल मार्ग का निर्माण 1900 में कराया गया था। आजादी के बाद इस मार्ग पर रेल प्रशासन की ओर से ध्यान नहीं दिया गया। इसकी वजह से पांच स्टेशनों का सुधार नहीं हो पाया। वर्तमान में इस मार्ग के स्टेशनों पर ट्रेनों का संचालन मैनुअल सिस्टम से क‍िया जा रहा था। लाइन बदलने, सिग्नल देने के लिए मैनुअल सिस्टम वाला लीवर कर्मचारियों को खींचना पड़ता है। स्टेशन से गुजरने वाले पोर्टर द्वारा चालक को टोकन दिया जाता है। इससे ट्रेन दुर्घटना होने की संभावना अधिक होती है और ट्रेन संचालन में अधिक समय लगता है। अधिक से अधिक मालगाड़ी चलाने के लिए रेल प्रशासन बालामऊ उन्नाव रेल मार्ग को वैकल्पिक रेल मार्ग बनाने जा रहा है। इस मार्ग पर विद्युतीकरण का काम तेजी से किया जा रहा है। इससे डीजल के स्थान इलेक्ट्रिक इंजन से ट्रेन चलाया जा सकेगा। इसके तहत इस मार्ग के पांचों स्टेशनों का सुधार काम शुरू किया जा रहा है। मंडल रेल प्रशासन की ओर से इस मार्ग के सफीपुर स्टेशन पर शनिवार को मैनुअल सिस्टम हटाकर आधुनिक सिस्टम लगा द‍िए गए। इसके बाद स्टेशन मास्टर कंप्‍यूटर सिस्टम से ट्रेन संचालन के लिए सिग्नल देंगे। इसी सिस्टम से सिग्नल देने का काम करेंगे। इसके बाद टोकन सिस्टम भी खत्म हो जाएगा। इस सिस्टम से इंटरनेट के माध्यम से ट्रेन संचालन किया जा सकेगा। एसीएम नरेश सिंह ने बताया कि सफीपुर स्टेशन के सुधार के लिए शनिवार को पांच घंटे ट्रेन संचालन बंद रखा गया था।  

Edited By: Narendra Kumar