कानपुर पोस्टमार्टम हाउस में 17 शव पहुंचे, दोपहर तक नहीं आए डॉक्टर तो परिजनों ने काटा हंगामा
कानपुर के पोस्टमार्टम हाउस में डॉक्टरों की अनुपस्थिति के कारण 17 शवों का पोस्टमार्टम रुका रहा। भीषण ठंड में परिजन घंटों इंतजार करते रहे। सुबह 10 बजे क ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, कानपुर। पोस्टमार्टम हाउस की व्यवस्थाएं ड्यूटी डाक्टरों के न पहुंचने से धड़ाम हो गई। पोस्टमार्टम हाउस में 17 शव डाक्टरों के इंतजार में रखे रहे, वहीं उनके स्वजन घंटों तक परेशान होते रहे, लेकिन डाक्टरों का कोई पता नहीं चला।
सुबह 10 बजे से ड्यूटी के बावजूद दोपहर डेढ़ बजे तक कोई भी डाक्टर पोस्टमार्टम हाउस नहीं पहुंचा। पोस्टमार्टम हाउस में शवों की संख्या बढ़ती चली गई, घंटों तक अपने-अपने परिजनों शवों के इंतजार में बैठे स्वजन पोस्टमार्टम प्रभारी कार्यालय के चक्कर लगाते रहे, इसके बाद पीड़ित परिजनों ने सीएमओ से शिकायत की। जिसके बाद उन्होंने प्रभारी से डाक्टरों के बारे में जानकारी ली।
बात दें कि भीषण ठंड में अलग–अलग स्थानों पर हुए सड़क हादसों व अन्य कारणों से हुई मौतों के बाद पोस्टमार्टम हाउस में शुक्रवार सुबह से भीड़ जुटने लगी। दोपहर 12 बजे तक कोतवाली, साढ़, सजेती, छावनी, बाबूपुरवा, कर्नलगंज, चौबेपुर, महाराजपुर, स्वरूप नगर थानाक्षेत्रों से करीब 13 शव पोस्टमार्ट्म हाउस पहुंचे।
वहीं शुक्रवार को पोस्टमार्टम हाउस में घाटमपुर सीएचसी में तैनात डा.चित्रा, उर्सला में तैनात डा.आशीष और डा.मुन्नालाल की ड्यूटी लगाई गई थी, लेकिन ड्यूटी पर सिर्फ डा.चित्रा पहुंची, वहीं दो अन्य डाक्टर दोपहर तक नहीं पहुंचे। जिससे स्वजन अपने–अपने शवों के इंतजार में घंटो ठंड में ठिठुरते रहे।
परिजन कार्यालय आकर फार्मासिस्ट से जानकारी करने लगे, जिस पर उन्होंने डाक्टरों के न आने की जानकारी दी। इस पर उन्होंने हंगामा शुरू कर दिया और पोस्टमार्टम हाउस प्रभारी डा.नवनीत चौधरी से शिकायत की। उन्होंने डाक्टरों से संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन किसी ने फोन नहीं उठाया।
जिस पर पीड़ित परिजनों ने सीएमओ डा.हरिदत्त नेमी से फोन कर शिकायत की। जिस पर उन्होंने पोस्टमार्टम हाउस प्रभारी से फोन कर जानकारी ली, जिस पर उन्होंने डाक्टरों के अनुपस्थित होने का हवाला देते हुए प्रक्रिया रुकने की बात कही।
जिसके बाद सीएमओ ने ड्यूटी पर तैनात डाक्टर आशीष व मुन्नालाल को फटकार लगाई, जिस पर उन्होंने कुछ देर में ड्यूटी पर पहुंचने का हवाला दिया। दोपहर डेढ़ बजे डा.मन्नालाल विश्वकर्मा पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे लेकिन डा.आशीष मिश्रा इसके बाद भी नहीं पहुंचे।

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