Flood News: बाढ़ को लेकर पूर्वोत्तर रेलवे हुआ सतर्क, 17 महत्वपूर्ण पुलों पर लगा वाटर लेवल मानिटरिंग सिस्टम
पूर्वोत्तर रेलवे ने बाढ़ व भारी बारिश को देखते हुए निगरानी बढ़ा दी है। इसी क्रम में महत्वपूर्ण पुलों पर वाटर लेवल मानिटरिंग सिस्टम लगा दिया गया है। इससे इंजीनियरों को नदियों के बढ़ते जलस्तर की आनलाइन अपडेट जानकारी मिलने लगी है।

गोरखपुर, जागरण संवाददाता। भारी बारिश और बाढ़ को देखते हुए पूर्वोत्तर रेलवे ने निर्बाध ट्रेन संचालन को लेकर रेल पुलों पर सतर्कता बढ़ा दी है। नदियों के लगातार बढ़ते जलस्तर की निगरानी के लिए 17 महत्वपूर्ण पुलों पर वाटर लेवल मानिटरिंग सिस्टम लगा दिए गए हैं, जिसके माध्यम से रेलवे प्रशासन को जलस्तर की आनलाइन अपडेट जानकारी मिलती रहेगी।
एसएमएस के माध्यम से मिलने लगी है जलस्तर की सूचना
मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह के अनुसार वाटर लेवल मानिटरिंग सिस्टम के लग जाने से सहायक मंडल इंजीनियर और सेक्शन इंजीनियरों के मोबाइल पर जलस्तर की सूचना एसएमएस के माध्यम से मिलने लगी है। रेलवे के पुलों पर लगे इस सिस्टम में सोलर पैनल से जुड़ा एक सेंसर होता है , जिसमें चिप भी लगी होती है। सेंसर ट्रैक मैनेजमेंट सिस्टम से जुड़ा होता है।
संवेदनशील स्थलों पर बढ़ाई गई सतर्कता
एक निश्चत लेवल से ऊपर पानी आने पर संबंधित इंजीनियरों को नियमित अंतराल पर जलस्तर की अपडेट जानकारी मिलने लगती है। इसके चलते रेलवे प्रशासन पुलों और आसपास की रेल लाइनों पर सतर्कता बढ़ा देता है। बारिश और बाढ़ के चलते ट्रेनों के संरक्षित संचालन के लिए सभी चिन्हित संवेदनशील स्थलों व पुलों की निगरानी बढ़ा दी गई है।
यहां काम करने लगे हैं वाटर लेवल मॉनिटरिंग सिस्टम
मुख्य जनसंपर्क अधिकारी के अनुसार इज्जतनगर मंडल के गंगा, यमुना, कोशी एवं देवहा नदियों पर पर बने पुल संख्या 409, 554, 104 एवं 270, वाराणसी मंडल के गंडक, घाघरा, गंगा, गोमती एवं छोटी गण्डक नदियों पर बने पुल संख्या 111, 50, 16, 137 , 31 एवं 119 तथा लखनऊ मंडल के ककरा, रोहिन, राप्ती, घाघरा, बबई, शारदा एवं सरयू नदियों पर बने पुल संख्या 391, 151, 97, 55, 18, 182 एवं 184 पर वाटर लेवल मॉनिटरिंग सिस्टम कार्य करने लगे हैं।

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