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    'SP बोल रहा हूं...अश्लील वीडियो देखते हो', धमकाकर वसूली करने वाले 3 गिरफ्तार, बिहार-झारखंड तक फैला नेटवर्क

    Updated: Fri, 02 Jan 2026 05:30 AM (IST)

    पुलिस ने तीन साइबर अपराधियों को पकड़ा, जो मोबाइल फोन पर अश्लील वीडियो दिखाने और वाट्सएप कॉल के जरिए धमकी देकर वसूली करते थे। झारखंड और बुलंदशहर ...और पढ़ें

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    जागरण संवाददाता, फतेहपुर। एसपी बोल रहा हूं...मोबाइल फोन पर अश्लील वीडियो देखते हो। वाट्सएप काल कर ऐसी धमकी देकर लोगों से वसूली करने वाले तीन साइबर अपराधियों को पुलिस ने पकड़ा है। झारखंड व बुलंदशहर के पीड़ितों की शिकायत के बाद उनके मोबाइल नंबर ट्रेस किए गए, तब तीनों फंसे। इनमें दो आरोपित मोबाइल कंपनियों के सिम कार्ड बेचने वाले एजेंट हैं। इनके पास से अलग-अलग कंपनियों के 35 सिम, तीन मोबाइल फोन, बायोमीट्रिक मशीन, सी-टाइप केबल बरामद की गई है।

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    मोबाइल फोन में मिले नंबरों से पता चला है कि तीनों ने उप्र, बिहार व झारखंड तक जाल फैला रखा था। एक व्यक्ति से कम से कम एक हजार से अधिकतम 50 हजार रुपये या जितनी रकम दे सकें, उतनी वसूली व ठगी करते थे। तीनों के विरुद्ध सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत जबरन वसूली, धोखाधड़ी व भारतीय टेलीग्राफ अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।

    साइबर अपराध सेल के प्रभारी सुनील कुमार सिंह ने बताया कि झारखंड के हजारीबाग के स्नेह द्विवेदी, चतरा के इरफान अंसारी और बुलंदशहर के अनूपशहर निवासी गगन तोमर ने राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग (एनसीआरपी) पोर्टल पर अक्टूबर में शिकायत दर्ज कराई थी।

    पुलिस अधिकारी बताकर की वसूली

    इसमें बताया था कि वाट्सएप काल करके स्वयं को पटना का पुलिस अधिकारी बताकर क्रमश: पांच-पांच व 12 हजार रुपये की वसूली की गई। अपराध में प्रयोग होने वाले मोबाइल नंबर ट्रेस किए गए, जिसमें फतेहपुर के बिंदकी के फरीदपुर में छापा मारकर दुकानदार व सिम कार्ड एजेंट धर्मेंद्र साहू को पकड़ा गया। उसकी निशानदेही पर बहुआ से एजेंट रामजी गुप्ता व जोनिहां चौराहा से लल्लू उर्फ इश्तियाक की गिरफ्तारी की गई।

    रामजी व धर्मेंद्र बाइक से गांव-गांव जाकर ग्रामीणों की फोटो खींचकर उनकी आइडी पर सिम देते थे। इसके बाद उनकी आइडी से दूसरी कंपनी का अतिरिक्त सिम निकालकर उसका साइबर अपराध में प्रयोग करते थे। इन दोनों एजेंटों के साथ बिंदकी के धानेमऊ निवासी लल्लू उर्फ इश्तियाक भी काम करता था। तीनों ने बताया है कि वह ढाई साल से घटनाएं कर रहे हैं। अब तक कितने लोगों से वसूली की है, इसका पता लगाया जा रहा है।