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बरेली में भाजपा विधायक प्रो. श्याम बिहारी का निधन, कार्डियक अरेस्ट से मिनटों में गई जान

Published: Fri, 02 Jan 2026 04:42 PM (IST)Updated: Fri, 02 Jan 2026 09:36 PM (IST)

प्रो. श्याम बिहारी लाल

प्रो. श्याम बिहारी लाल

HighLights

  1. सर्किट हाउस में बैठक के बाद खाना खाते समय बिगड़ी प्रो. श्याम बिहारी की तबीयत

  2. 20 घंटे पहले मनाया था जन्मतिथि समारोह, पांच महीने पहले हो चुकी थी बाईपास सर्जरी

जागरण संवाददाता, बरेली। 20 घंटे पहले समर्थकों के साथ जन्मतिथि समारोह की खुशियां साझा करने वाले फरीदपुर विधायक प्रो. श्याम बिहारी लाल का शुक्रवार दोपहर 2.30 बजे निधन हो गया। सर्किट हाउस में बैठक के उपरांत भोजन करते समय कार्डियक अरेस्ट होने से चंद मिनट में उनकी सांसें थम गईं।

कुछ कार्यकर्ता उन्हें मेडिसिटी अस्पताल लेकर पहुंचे। चिकित्सकों ने उन्हें सीपीआर दिया, वेंटीलेटर पर रखा, हर जतन किया मगर, अफसोस...! एक घंटे के प्रयास विफल साबित हुए। पांच महीने पहले विधायक की दिल्ली में बाईपास सर्जरी हुई थी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनके निधन पर शोक जताया।

शाहजहांपुर के मूल निवासी प्रो. श्याम बिहारी लाल पीएचडी करने के बाद महात्मा ज्योतिबाफुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय में प्राचीन इतिहास विभाग के अध्यक्ष बने। शिक्षण कार्य के दौरान उनका राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ व अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से जुड़ाव हुआ। वह वर्ष 2006 में विद्यार्थी परिषद के प्रांत उपाध्यक्ष थे, उसी दौरान संकेत मिला कि फरीदपुर (सुरक्षित सीट) से चुनाव की तैयारी करें।

वर्ष 2007 व 2012 के विधानसभा चुनाव में उन्हें भाजपा से टिकट मिला मगर, जीत प्राप्त नहीं हुई। इसके बाद उन्हें भाजपा में जिला उपाध्यक्ष, फिर महामंत्री बनाया गया। वह वर्ष 2017 और 2022 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने जीत दर्ज की। शुक्रवार दोपहर को पशुधन विकास मंत्री धर्मपाल सिंह ने वर्ष 2026 में होने वाले विकास कार्यों की रूपरेखा बनाने के लिए बैठक बुलाई, जिसमें प्रो. श्याम बिहारी लाल भी शामिल हुए थे। पार्टी नेताओं के अनुसार, बैठक के उपरांत सभी लोग भोजन कर रहे थे।

उसी दौरान प्रो. श्याम बिहारी लाल को बेचैनी हुई तो कक्ष में जाकर लेट गए। यह देखकर कुछ कार्यकर्ता एवं ड्राइवर उन्हें कार में बैठाकर चिकित्सक के पास ले जा रहे थे मगर, रास्ते में ही निधन हो गया। उनकी बेटी शिल्पा ग्वाल बरेली में ही रक्षा संपदा अधिकारी हैं। दूसरी बेटी मुंबई व बेटा दिल्ली में रहता है।

डाक्टर ने कहा, मौका ही नहीं मिला

मेडिसिटी अस्पताल के चिकित्सक विमल भारद्वाज ने बताया कि विधायक प्रो. श्याम बिहारी लाल की नब्ज नहीं चल रही थी, धड़कन भी नहीं थी। उन्हें कार्डियक अरेस्ट होने से मृत अवस्था में लाया गया था। इसके बावजूद एक घंटा प्रयास किए परंतु, परिणाम नहीं मिल सका।

हृदय रोग विशेषज्ञ डा. दीप पंत बताते हैं कि कार्डियक अरेस्ट में दिल अचानक काम करना बंद कर देता है। इसका कारण पुरानी बीमारी या हार्ट अटैक भी हो सकता है। दरअसल, हार्ट अटैक में दिल की नसों में ब्लाकेज हो जाता है। यह स्थिति अत्याधिक गंभीर होने पर कार्डियक अरेस्ट में बदल जाती है।

सर्दी में घूमना भी बेहद खतरनाक

हृदय रोग विशेषज्ञ डा. दीप पंत के अनुसार, सर्दी में बाहर घूमना खतरनाक है। सर्दी के कारण धमनियां सिकुडने से रक्तचाप बढ़ जाता है। इससे हृदय पर ज्यादा बोझ पड़ने से समस्याएं सामने आती हैं। शारीरिक संरचना के कारण भी सुबह को खून गाढ़ा होने से नसों में ब्लाकेज, हार्ट अटैक होने की आशंका बनी रहती है। ऐसी स्थिति में सीने में तेज दर्द, बेहोशी छा जाती है। हार्ट अटैक बेहद गंभीर होने पर कार्डियक अरेस्ट की स्थिति में बदल जाता है। दिल के रोगियों एवं बुजुर्गों के लिए सर्दी में बाहर घूमने के बजाय घर के अंदर ही टहलना चाहिए।

एक द‍िन पहले मनाया था 60वां जन्‍मद‍िन

विधायक प्रो. श्याम बिहारी का जन्म एक जनवरी 1966 को शाहजहांपुर जिले में हुआ था। उन्होंने एक दिन पहले ही परिवार के साथ मिलकर अपना 60वां जन्मदिन मनाया था। उनके परिवार में पत्नी मंजूलता, दो बेटियां और एक बेटा है। उनकी एक बेटी शिल्पा ग्वाल बरेली में ही रक्षा संपदा अधिकारी हैं। उनके निधन की खबर सुनते ही सभी जनप्रतिनिधि और अधिकारी उनके आवास पर पहुंचे और परिवार वालों को सांत्वना दी। अचानक उनकी मृत्यु से सभी हतप्रभ थे।