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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 23, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

यूपी के इस जिले में बनेगा Waste to Wonder Park, 7 एकड़ जमीन हुई चिह्नित; शासन से मिली स्वीकृति

Published: Mon, 23 Dec 2024 01:13 PM (IST)

औरैया में बनने जा रहा है वेस्ट टू वंडर पार्क जहां कूड़े से बनाई जाएंगी खूबसूरत कलाकृतियां। विश्व के सात ...और पढ़ें

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (फाइल फोटो)
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (फाइल फोटो)

HighLights

  1. जनपद की होगी अलग पहचान, 4.87 करोड़ से बनेगा वेस्ट टू वंडर पार्क
  2. शासन से मिली स्वीकृति, जल्द खाते में पहुंचेगा बजट
  3. वेस्ट टू वंडर पार्क के लिए सात एकड़ जमीन हुई चिह्नित

राजेश कश्यप, औरैया। शहर में लोगों के स्वस्थ मनोरंजन के लिए डीएम डॉ. इन्द्रमणि त्रिपाठी की पहल पर वेस्ट टू वंडर पार्क बनाने की योजना तैयार की गई थी। जिसे शासन की ओर से स्वीकृति मिल गई है। पार्क में प्लास्टिक व टीन सहित विभिन्न प्रकार के कचरे से कई सुंदर कलाकृतियां बनाई जाएंगी।

विश्व के सात अजूबे भी लोगों को आकर्षित करेंगे। शहर की पुरानी धार्मिक, ऐतिहासिक धरोहरों व क्रांतिकारियों की यादों को उकेरा जाएगा। मनोरंजन के साथ लोगों को कचरे से घरों के आसपास सुंदर परिवेश बनाने के लिए प्रेरित करेगा। करीब चार करोड़ 87 लाख रुपये का बजट खर्च होगा।

सात एकड़ जमीन चिह्नित

बड़ी बात यह है कि यह पार्क लखनऊ के बाद औरैया में बनेगा।  स्वच्छ भारत मिशन के तहत नगर पालिका एक वेस्ट टू वंडर पार्क बनाने जा रही है। जिसके लिए मां मंगला काली मंदिर के समीप सात एकड़ जगह भी चिह्नित हो चुकी है। पार्क में अपशिष्ट उत्पादों का उपयोग जाएगा।

अधिशासी अधिकारी राम आसरे कमल ने बताया कि पार्क का मुख्य उद्देश्य लोगों के घरों में बेकार पड़ी प्लास्टिक की बोतलें सहित विभिन्न प्रकार के कचरे के सामानों का सही उपयोग करना है। इसके प्लास्टिक कचरे को कम करने में मदद मिलेगी। नगर पालिका क्षेत्र गाड़ियों के बेकार पड़े टायरों, प्लास्टिक व लोहे की बोतलों व डिब्बों से बने आकर्षक फूल व पौधे लोगों को खूब आकर्षित करेंगे।

पुरानी विरासतों को पार्क में संजोया जाएगा

पार्क में पुरानी विरासतों को भी संजोए रखा जाएगा। क्रांतिकारी, बलिदानियों के अलावा बीहड़ी क्षेत्रों में किसी समय आतंक का पर्याय रहे डकैतों की आकृतियों को भी दर्शाया जाएगा। जो लोगों का मनोरंजन के साथ स्थानीय सभ्यता व विरासतों का जीवंत दर्शन कराएंगे। इन आकृतियों के पास खड़े होकर लोग फोटो व वीडिया भी शूट कर सकेंगे। पार्क में कचरे से ही ताजमहल समेत विश्व के सातों अजूबे तैयार होंगे। जिनमें म्यूजिकल लाइटें लोगों का आकर्षित करेंगी।

नगर पालिका की बढ़ेगी आय

अधिशासी अधिकारी ने बताया कि कचरे से बने सुंदर पार्क की योजना डीएम की ओर से बनाई गई थी। उनके निर्देश नगर पालिका से प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा गया था। जिससे प्रस्तुतीकरण के लिए दो दिन पूर्व लखनऊ बुलाया गया था। जहां पार्क के बारे में विस्तार से जानकारी देने पर शासन की ओर से स्वीकृति मिल चुकी है। बजट भी जल्द पास हो जाएगा। पार्क बनने के बाद नगर पालिका की आय भी बढ़ेगा। पार्क में घूमने के लिए लोगों को टिकट लेना पड़ेगा।

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