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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

HP और VVDN Tech भारत में मिलकर बनाएंगे सर्वर, दोनों कंपनियों के बीच हुई डील

By Subhash GariyaEdited By: Subhash Gariya
Published: Tue, 04 Jul 2023 04:03 PM (IST)

केंद्रीय आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि एचपी और वीवीडीएन टेक के बीच भारत में सर्वर प्रोडक्शन को लेकर ...और पढ़ें

HP and VVDN Tech will make servers together in India says ashwini vaishnaw
HP and VVDN Tech will make servers together in India says ashwini vaishnaw

नई दिल्ली, टेक डेस्क। अमेरिकी हार्डवेयर मैन्यूफैक्चरिंग कंपनी ह्यूलेट पैकार्ड एंटरप्राइजेज (एचपी) ने वीवीडीएन टेक्नोलॉजीज के साथ मिलकर अगले चार से पांच साल में भारत में एक अरब डॉलर की कीमत वाले सर्वर का प्रोडक्शन करने के लिए पार्टनरशिप की है। मंगलवार को सूचना एंव प्रौद्योगिकी (आईटी) मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इस समझौते की जानकारी दी है।

चार-पांच साल में शुरू होगा प्रोडक्शन

अश्विनी वैष्णव ने बताया कि एचपी एंटरप्राइजेज भारत में आईटी हार्डवेयर पीएलआई योजना के तहत उन्नत किस्म के सर्वर प्रोडक्शन पर सहमत हो गई है। उन्होंने बताया कि एचपी ने पीएलआई योजना के तहत वीवीडीएन टेक्नोलॉजीज के साथ पहले समझौता पत्र पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। दोनों कंपनियां साथ में मिलकर अगले चार-पांच साल में एक अरब डॉलर मूल्य के सर्वर का उत्पादन करेंगी’

अश्विनी वैष्णव ने आगे कहा, “संभावना है कि इस समझौते के तहत इस साल नवंबर में देश में सर्वर का प्रोडक्शन हो जाए।” केंद्रीय आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि भारत और अमेरिका के बीच टेक्नोलॉजी के को-प्रोडक्शन और डेवलपमेंट को लेकर हुई पार्टनरशिप के दस दिन के भीतर ही अमेरिकी हार्डवेयर कंपनी एचपी ने यह डील की है।

भारत में सेमीकंडक्टर बनाएगी Micron

अमेरिकी चिप मेकर कंपनी Micron ने भारत में सेमीकंडक्टर का निर्माण करेगी। अश्विनी वैष्णव ने बताया कि गुजरात में Micron के प्लांट का शिलान्यास अलगे 4 से 6 हफ्तों में हो जाएगा। इस प्लांट के लिए साणंद में जमीन का आवंटन हो चुका है। केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा कि देश में दिसंबर 2024 तक चिपसेट का प्रोडक्शन शुरू हो जाएगा।

सेमीकंडक्टर प्रोडक्शन के इस प्रोजेक्ट में कुल 2.75 अरब डॉलर का निवेश किया जाएगा। इसमें Micron 82.5 करोड़ डॉलर का निवेश करेगी। शेष राशि सरकार दो चरणों में इस प्रोजेक्ट के लिए निवेश करेगी।