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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 27, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Lakshmi ji Puja: शुक्रवार के दिन जरूर करें लक्ष्मी जी के नामों का जप, नहीं सताएगी धन की समस्या

Published: Thu, 27 Feb 2025 11:00 PM (IST)

हिंदू धर्म में मां लक्ष्मी को धन की देवी माना जाता है क्योंकि देवी लक्ष्मी की अराधना से व्यक्ति को ...और पढ़ें

Lakshmi ji Puja शुक्रवार के दिन पूजा-अर्चना से प्रसन्न होती हैं मां लक्ष्मी।
Lakshmi ji Puja शुक्रवार के दिन पूजा-अर्चना से प्रसन्न होती हैं मां लक्ष्मी।

HighLights

  1. हिंदू धर्म में लक्ष्मी जी के लिए समर्पित है शुक्रवार का दिन।
  2. धन की देवी के रूप में पूजा जाती हैं मां लक्ष्मी।
  3. लक्ष्मी जी की कृपा से नहीं होती धन की समस्या।

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हिंदू मान्यताओं के अनुसार रोजाना खासकर शुक्रवार के दिन विधि-वत रूप से लक्ष्मी जी की पूजा-अर्चना की जाए, तो इससे वह साधक को सुख-समृद्धि का आशीर्वाद देती हैं। साथ ही धन की समस्या से जूझ रहे व्यक्ति को भी लक्ष्मी जी की उपासना करने की सलाह दी जाती है।

मां लक्ष्मी के 108 नाम (Maa Lakshmi ke 108 Naam)

1. ऊँ प्रकृत्यै नम:

2. ऊँ विकृत्यै नम:

3. ऊँ विद्यायै नम:

4. ऊँ सर्वभूत-हितप्रदायै नम:

5. ऊँ श्रद्धायै नम:

6. ऊँ विभूत्यै नम:

7. ऊँ वसुन्धरायै नमः

8. ऊँ उदारांगायै नमः

9. ऊँ हरिण्यै नमः

10. ऊँ हेममालिन्यै नमः

11. ऊँ धनधान्य-कर्ये नमः

12. ऊँ सिद्धयै नमः

13. ऊँ स्त्रैणसौम्यायै नमः

14. ऊँ शुभप्रदायै नमः

15. ऊँ नृपवेश्मगतानन्दायै नमः

16. ऊँ सुरभ्यै नम:

17. ऊँ परमात्मिकायै नम:

18. ऊँ वाचे नम:

19. ऊँ पद्मालयायै नम:

20. ऊँ पद्मायै नमः

21. ऊँ शुचय़ै नमः

22. ऊँ स्वाहायै नमः

23. ऊँ स्वधायै नमः

24. ऊँ सुधायै नमः

25. ऊँ धन्यायै नमः

26. ऊँ हिरण्मयै नमः

27. ऊँ लक्ष्म्यै नमः

28. ऊँ नित्यपुष्टायै नमः

29. ऊँ विभावर्यै नमः

30. ऊँ अदित्यै नमः

31. ऊँ दित्यै नमः

32. ऊँ दीप्तायै नमः

33. ऊँ वसुधायै नमः

34. ऊँ वसुधारिण्यै नमः

35. ऊँ कमलायै नमः

36. ऊँ कान्तायै नमः

37. ऊँ कामाक्ष्यै नमः

38. ऊँ क्रोधसंभवायै नमः

39. ऊँ अनुग्रहप्रदायै नमः

40. ऊँ बुद्धयै नमः

(Picture Credit: Freepik) (AI Image)

जिस प्रकार हर देवी-देवता के लिए एक खास दिन समर्पित होता है, वैसे ही लक्ष्मी जी के लिए शुक्रवार का दिन उत्तम माना जाता है। इस दिन विधि-विधान से लक्ष्मी जी की पूजा-अर्चना करने से साधक को आर्थिक समस्या का सामना करना पड़ सकता है।

41. ऊँ अनघायै नमः

42. ऊँ हरिवल्लभायै नमः

43. ऊँ अशोकायै नमः

44. ऊँ अमृतायै नमः

45. ऊँ दीप्तायै नमः

46. ऊँ लोकशोकविनाशिन्यै नमः

47. ऊँ धर्म-निलयायै नमः

48. ऊँ करुणायै नमः

49. ऊँ लोकमात्रे नमः

50. ऊँ पद्मप्रियायै नमः

51. ऊँ पद्महस्तायै नमः

52. ऊँ पद्माक्ष्यै नमः

53. ऊँ पद्मसुन्दर्यै नमः

54. ऊँ पद्मोद्भवायै नमः

55. ऊँ भास्कर्यै नमः

56. ऊँ बिल्वनिलयायै नमः

57. ऊँ वरारोहायै नमः

58. ऊँ यशस्विन्यै नमः

59. ऊँ वरलक्ष्म्यै नमः

60. ऊँ वसुप्रदायै नमः

61. ऊँ शुभायै नमः

62. ऊँ हिरण्यप्राकारायै नमः

63. ऊँ समुद्रतनयायै नमः

64. ऊँ पद्ममुख्यै नमः

65. ऊँ पद्मनाभप्रियायै नमः

66. ऊँ रमायै नमः

67. ऊँ पद्ममालाधरायै नमः

68. ऊँ देव्यै नमः

69. ऊँ पद्मिन्यै नमः

(Picture Credit: Freepik)

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धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अगर भक्तिभाव से रोजाना या फिर शुक्रवार के दिन लक्ष्मी जी की पूजा-अर्चना की जाए, तो इससे व्यक्ति को सुख-समृद्धि का आशीर्वाद मिलता है। इसके लिए आप मां लक्ष्मी की पूजा में उनके 108 नामों का जप भी कर सकते हैं। 

70. ऊँ पद्मगन्धिन्यै नमः

71. ऊँ पुण्यगन्धायै नमः

72. ऊँ सुप्रसन्नायै नमः

73. ऊँ प्रसादाभिमुख्यै नमः

74. ऊँ प्रभायै नमः

75. ऊँ चन्द्रवदनायै नमः

76. ऊँ चन्द्रायै नमः

77. ऊँ चन्द्रसहोदर्यै नमः

78. ऊँ चतुर्भुजायै नमः

79. ऊँ विष्णुपत्न्यै नमः

80. ऊँ प्रसन्नाक्ष्यै नमः

81. ऊँ नारायणसमाश्रितायै नमः

82. ऊँ दारिद्र्यध्वंसिन्यै नमः

83. ऊँ देव्यै नमः

84. ऊँ सर्वोपद्रव-वारिण्यै नमः

85. ऊँ नवदुर्गायै नमः

86. ऊँ महाकाल्यै नमः

87. ऊँ ब्रह्माविष्णु-शिवात्मिकायै नमः

88. ऊँ त्रिकालज्ञान-संपन्नायै नमः

89. ऊँ भुवनेश्वर्यै नमः

90. ऊँ चन्द्ररूपायै नमः

91. ऊँ इन्दिरायै नमः

92. ऊँ इन्दुशीतलायै नमः

93. ऊँ अह्लादजनन्यै नमः

94. ऊँ पुष्टयै नमः

95. ऊँ शिवायै नमः

96. ऊँ शिवकर्यै नमः

97. ऊँ सत्यै नमः

98. ऊँ विमलायै नमः

99. ऊँ विश्वजनन्यै नमः

100. ऊँ तुष्टयै नमः

101. ऊँ दारिद्र्यनाशिन्यै नमः

102. ऊँ प्रीतिपुष्करिण्यै नमः

103. ऊँ शान्तायै नमः

104. ऊँ शुक्लमाल्यांबरायै नमः

105. ऊँ श्रियै नमः

106. ऊँ जयायै नमः

107. ऊँ मंगलादेव्यै नमः

108. ऊँ विष्णुवक्षस्थलस्थितायै नमः

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