संवाद सहयोगी, रूपनगर : रूपनगर तथा साथ लगते आसरों क्षेत्र में विभिन्न औद्योगिक इकाइयों के समक्ष पंजाब सीटू के अध्यक्ष कामरेड महा सिंह रौड़ी के नेतृत्व में मई दिवस को लेकर प्रोग्राम आयोजित किए गए। इस दौरान जहां ध्वजारोहण किए गए वहीं शिकागों के शहीदों को श्रद्धांजलि भी अर्पित की गई।

महा सिंह रौड़ी ने कहा कि 135 वर्ष पहले एक मई 1886 वाले दिन अमेरिका के शहर शिकागो की घास मंडी में आठ घंटे दिहाड़ी सुनिश्चित बनाने की मांग को लेकर बड़ी संख्या में मजदूरों ने प्रदर्शन किया था। उन्होंने कहा कि उस वक्त सरकार व सरमायदारों के इशारे पर पुलिस द्वारा खुलेआम गोलियां चलाते हुए जहां सात मजदूर नेताओं को शहीद किया वहीं चार नेताओं को फांसी चढ़ा दिया था। उन्होंने कहा कि इसके बाद बड़े स्तर पर शुरू हुए विरोध के आगे उस वक्त की सरकार को झुकना पड़ा जिसके बाद सरकार को मजबूर होकर आठ घंटे दिहाड़ी वाला कानून लागू करना पड़ा जिसे बाद में लगभग हर देश अंदर लागू कर दिया गया।

उन्होंने कहा कि आज भारत सरकार 12 घंटे दिहाड़ी लागू करने की तैयारी कर रही है जबकि देश अंदर संवैधानिक रूप से आठ घंटे दिहाड़ी वाला कानून लागू है। उन्होंने कहा कि मजदूर की दिहाड़ी के घंटे बढ़ाने वाली साजिश का विरोध लगातार जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि जब तक कृषि कानून व चार कोड रद नहीं होंगे हमारा संघर्ष जारी रहेगा। इस मौके सीटू जिला रूपनगर के अध्यक्ष कामरेड गुरदेव सिंह बागी सहित परमिदर सिंह कंग, परमजीत सिंह पम्मा, राज कुमार तथा राम बाबू ने भी संबोधित किया।

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