CM भगवंत मान ने भगत सिंह-राजगुरु व सुखदेव को दी श्रद्धांजलि, बोले- बलिदानियों के सपने को साकार कर रही है सरकार
शहीद-ए-आजम भगत सिंह राजगुरु और सुखदेव के बलिदान दिवस पर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने खटकड़ कलां में उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस मौके पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार बलिदानियों के सपनों को साकार करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि मार्च 2022 में सत्ता संभालने के बाद से उनकी सरकार ने कई अहम फैसले लिए हैं।

संवाद सूत्र, बंगा (खटकड़ कलां)। शहीद-ए-आजम भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु के बलिदान दिवस को समर्पित नवांशहर के खटकड़ कलां में राज्य स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भगवंत मान और कैबिनेट के कई मंत्रियों और विधायकों ने पहुंचकर शहीदों को श्रद्धांजलि दी।
बलिदानियों को श्रद्धांजलि देने के बाद आयोजित सभा में मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य सरकार बलिदानी भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव के सपनों को साकार करने के लिए दृढ़ प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि इस नेक कार्य के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कोई राजनीतिक समारोह नहीं है, बल्कि आज का यह महत्वपूर्ण अवसर उन महान बलिदानियों को श्रद्धांजलि देने का है, जिन्होंने अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी।
इस दौरान उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के प्रयासों से मोहाली हवाई अड्डे का नाम शहीद भगत सिंह के नाम पर रखा गया है। सत्ता संभालने के बाद उनकी सरकार ने इसे सर्वोच्च प्राथमिकता दी। बलिदानियों के नाम पर हवाई अड्डों, विश्वविद्यालयों और अन्य संस्थानों का नाम रखना उनकी गौरवशाली विरासत को कायम रखने के लिए महत्वपूर्ण है।
'शहीद-ए-आजम के सपने अभी भी अधूरे'
उनकी सरकार ने मोहाली के एयरपोर्ट रोड पर निशान-ए-इंकलाब प्लाजा लोगों को समर्पित किया है, जिसमें शहीद भगत सिंह की 30 फुट ऊंची कांस्य प्रतिमा स्थापित की गई है। यह प्रतिमा बलिदानियों को याद करने के लिए ही स्थापित की गई है।
उन्होंने कहा कि शहीद-ए-आजम के सपने अभी भी अधूरे हैं, क्योंकि भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद और गरीबी का दंश आज भी कायम है। दुर्भाग्यवश, अंग्रेजों के जाने के बाद जिन लोगों के हाथों में सत्ता आई, उन्होंने अंग्रेजों से भी अधिक निर्ममता से सरकारी खजाने को लूटा।
दागी लोगों से न्याय की उम्मीद नहीं- सीएम
इस दौरान उन्होंने हाल ही में दिल्ली में जज के घर पर मिले करोड़ों रुपये पर भी कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि बलिदानियों की आत्माएं तब कराह उठी होंगी, जब उन्होंने बड़े अधिकारियों और जजों के घरों से भारी मात्रा में नकदी बरामद होते देखी होगी।
मान ने कहा कि ऐसे दागी लोगों से न्याय की उम्मीद कैसे की जा सकती है, जिन्होंने गलत तरीकों से अपार धन इकट्ठा किया है। वे यहीं नहीं रुके, उन्होंने कहा कि बलिदानियों ने अपनी जान इसलिए नहीं दी कि देश में भ्रष्टाचार जड़ें जमा सके। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार बलिदानियों के सपनों को साकार करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है।
90 प्रतिशत घरों को मिल रही मुफ्त बिजली
मुख्यमंत्री ने कहा कि मार्च 2022 में यहां से शपथ लेने के बाद उनकी सरकार ने जुलाई से घरों में मुफ्त बिजली उपलब्ध करवाई है, जिसके बाद 90 प्रतिशत घरों को मुफ्त बिजली मिल रही है। राज्य सरकार ने पहली बार किसी निजी कंपनी से बिजली प्लांट खरीदा है।
राज्य भर में 881 आम आदमी क्लीनिक खोले गए हैं, जहां तीन करोड़ से अधिक मरीज मुफ्त इलाज का लाभ उठा चुके हैं। अब तक राज्य में 18 टोल प्लाजा बंद कर दिए गए हैं और इन टोल प्लाजा के बंद होने से पंजाब के आम लोगों को रोजाना 63 लाख रुपये की बचत हो रही है।
पंजाब बनेगा नंबर वन
मुख्यमंत्री ने कहा कि महान देशभक्तों की सोच के अनुरूप राज्य सरकार पंजाब की प्रगति खुशहाली सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। वह दिन दूर नहीं जब पंजाब देश भर में अग्रणी राज्य बनकर उभरेगा। भगत सिंह लाखों युवाओं के लिए निस्वार्थ भाव से देश की सेवा करने के लिए प्रेरणा स्रोत बने रहेंगे।
उन्होंने युवाओं से भगत सिंह के पद चिह्नों पर चलने का आह्वान किया। वह देश के स्वतंत्रता संग्राम में अपने प्राणों की आहुति देने वाले महान शहीद को श्रद्धांजलि देने के लिए इस पवित्र भूमि पर आकर खुद को धन्य महसूस कर रहे हैं। देश सदैव इस महान शहीद का ऋणी रहेगा। इस दौरान मुख्यमंत्री ने बलिदानियों के परिजनों को सम्मानित भी किया।
पांच मेडिकल कॉलेज बच्चों को विदेश जाने से रोकेंगे
मुख्यमंत्री ने कहा कि नवांशहर, होशियारपुर, कपूरथला, मालेरकोटला और संगरूर में मेडिकल कॉलेज बन रहे हैं। हमारे बच्चे यूक्रेन में मेडिकल की शिक्षा के लिए जाते थे। वहां तीन साल से युद्ध चल रहा है। इन पांच मेडिकल कॉलेज के बनने के बाद बच्चों को बाहर नहीं जाना पड़ेगा।
स्कूलों के उन्नयन के लिए शिक्षकों को फिनलैंड और सिंगापुर में प्रशिक्षण दिलाया जा रहा है। अभी 72 शिक्षकों का दल फिनलैंड में प्रशिक्षण ले रहा है।
खजाना खाली है तो उसे पीपा कहो
मान ने चुटकीले अंदाज में पिछली सरकारों पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा पिछली दो सरकारें कहती रही हैं कि खजाना खाली है। अगर खाली ही है तो उसे खजाना नहीं पीपा कहो, हमारी सरकार ने कभी ऐसा नहीं कहा। उन्होंने कहा खजाना नहीं नीयत खाली होती है।
पहले पिता को फिर भगत सिंह को चढ़ाए पुष्प
मुख्यमंत्री ने खटकड़ कलां में पहुंचकर सबसे पहले बलिदानी भगत सिंह के पिता किशन सिंह की समाधि पर पुष्प चढ़ाए। मुख्यमंत्री ने वहां परिक्रमा की। इसके बाद वे संग्रहालय के सामने लगी भगत सिंह की प्रतिमा के पास पहुंचे और वहां पुष्प अर्पित किए। इस दौरान मुख्यमंत्री ने संग्रहालय का भी अवलोकन किया।
शहर में थे सुरक्षा के कड़े इंतजाम
मुख्यमंत्री भगवंत मान के दौरे के चलते नवांशहर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। खटकड़ कलां में कार्यक्रम स्थल के बाहर भी काफी पुलिस तैनात थी। अंदर और बाहर की ओर हथियारबंद और घुड़सवार पुलिसकर्मी मौजूद थे।
नवांशहर से खटकड़ कलां के रास्ते में लगातार पुलिस वाहन गश्त कर रहे थे। वहीं चंडीगढ़ रोड पर यातायात एक तरफा रोड पर ही चल रहा था। दूसरी तरफ के रोड पर यातायात रोका गया था। मुख्यमंत्री का काफिला इसी मार्ग से जिला अस्पताल पहुंचा था।
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