यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 21, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Punjab Diwali Celebration: लुधियाना में सुरक्षा के प्रबंध अधूरे, पटाखों की दुकानों के बाहर केवल 2 फायर सिलेंडर
Punjab Diwali Celebration पंजाब में दिवाली सेलिब्रेशन की तैयारियां पूरी होने को हैं। वहीं इस बीच लुधियाना की अनाज मंडी ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, लुधियाना: महानगर में दिवाली के समय पटाखों का करीब 25 करोड़ रुपये का कारोबार होता है। अकेले अनाज मंडी में ही करीब 10 करोड़ रुपये के पटाखों का कारोबार होता रहा है। पटाखों की बिक्री कर कमाई की तरफ तो सभी का ध्यान है, लेकिन सुरक्षा के अधूरे प्रबंधों से लोगों की जान भी जोखिम में डाली जा रही है। लापरवाही की चिंगारी के बगल में बारूद के ढेर पर बैठ कारोबार किया जा रहा है।
खानापूर्ति के लिए लगाए गए दो सिलेंडर
यह लापरवाही की चिंगारी किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। खुशियों के त्योहार को मातम में बदल सकती है। जिला प्रशासन ने भी पटाखों की दुकानों का ड्रा निकालने के बाद आंखें बंद कर ली हैं। दुकानों के आवंटन के बाद आगजनी जैसी घटना से निटपने के लिए किए गए प्रबंध अधूरे हैं। अनाज मंडी में पटाखों की दुकानें तो सजा दी गई हैं, लेकिन अग्निशमन यंत्र नहीं हैं। केवल दो सिलेंडर खानापूर्ति के लिए लगाए गए हैं।
रेत भरकर रखने के लिए लाई गई बाल्टियां खाली पड़ी हैं। अग्निशमन विभाग की एक भी गाड़ी मौके पर नहीं है। जगह-जगह बिजली की तारों के खुले जोड़ हादसे को न्योता दे रहे हैं। किसी भी जोड़ से स्पार्किंग हुई तो बारूद का ढेर सब कुछ राख कर सकता है। बता दें कि, गुड़ मंडी में पहले पटाखा मार्केट लगती थी। वहां पर भी आगजनी की घटना हो चुकी है। उस समय बड़ा नुकसान हुआ था। प्रशासन ने फिर भी सबक नहीं सीखा है।
जल्द सौंपी जाएगी सुरक्षा की जिम्मेदारी: सीपी
पुलिस कमिश्नर डा. कौस्तुभ शर्मा का कहना है कि हाल में ही आदेश जारी कर दिए हैं कि पटाखा मार्केट में लोगों की सुरक्षा और आग बुझाने के लिए पुख्ता प्रबंध किए जाएं। पुलिस के एक अधिकारी को इसकी जिम्मेदारी सौंपी जा रही है। जिला प्रशासन की जिम्मेदारी भी है कि वह भी पटाखा मार्केट की व्यवस्था पर नजर रखने के लिए किसी को जिम्मेदारी सौंपे।
