विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

परविंदर झोटा मर्डर केस को लेकर राहुल गांधी ने पंजाब सरकार को घेरा, बोले- 'शिकायत करने वाला बन जाता है मुलजिम'

Published: Thu, 15 Oct 2026 03:59 PM (GMT+05:30)

राहुल गांधी ने परविंदर झोटा हत्याकांड और पंजाब के हालातों को लेकर आप सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि सरकार में शिकायतकर्ता ही मुलजिम बन जाता है।

परविंदर सिंह झोटा की फाइल फोटो और कांग्रेस नेता राहुल गांधी।

परविंदर सिंह झोटा की फाइल फोटो और कांग्रेस नेता राहुल गांधी।

HighLights

  1. राहुल गांधी ने पंजाब सरकार पर साधा निशाना।

  2. परविंदर झोटा हत्याकांड पर उठाए गंभीर सवाल।

  3. नशे के खिलाफ आवाज दबाने का आरोप लगाया।

डिजिटल डेस्क, चंडीगढ़। परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड के विरोध में पंजाब बंद के बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने इंटरनेट मीडिया पर एक पोस्ट साझा की है। इसमें उन्होंने कर आम आदमी पार्टी की सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाए हैं कि पंजाब में अब नशे के खिलाफ आवाज उठाना जानलेवा साबित हो रहा है और यह सब मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार के कार्यकाल में हो रहा है।

राहुल गांधी ने अपनी पोस्ट साझा करते हुए कहा-

पंजाब में नशे के खिलाफ आवाज उठाना अब जानलेवा हो गया है और यह भगवंत मान की AAP सरकार के राज में हो रहा है।

मानसा: 'नशा रोको, रोजगार दो' अभियान चलाने वाले परविंदर सिंह झोटा को दिनदहाड़े गोली मार दी गई जो एक फेसबुक लाइव पर साफ दिखी। संगरूर- मुख्यमंत्री का अपना जिला: मजदूर गुलजार सिंह ने मंत्री के सामने गांव में नशे का सवाल उठाया। परिवार का आरोप है कि उसके बाद उन पर माफी मांगने का दबाव डाला गया। उन्होंने अपनी जान दे दी।

संगरूर: नशे के खिलाफ बोलने वाले मोहनजीत सिंह पर हिरासत में यातना के आरोप - मामला अब हाईकोर्ट में है और झोटा की कहानी में एक बात और है। जब उन्होंने शिकायत की, तो FIR हुई और पुलिस ने बाद में झोटा को भी बुक कर दिया। जिस सरकार में शिकायत करने वाला भी मुलजिम बन जाए, वहां नशे के सौदागर बेखौफ क्यों न हों?

CM भगवंत मान जवाब दें: नशे के खिलाफ लड़ने वालों की हिफाजत कौन करेगा? पंजाब के युवाओं का भविष्य तबाह करने वाले इस नशे के साम्राज्य को खत्म किए बिना कांग्रेस चैन से नहीं बैठेगी।

यह भी पढ़ें- LIVE: परविंदर झोटा हत्याकांड के विरोध में आज पंजाब बंद, लुधियाना में एक युवक की मौत, दुकानदार व प्रदर्शनकारी उलझे

मानसा की घटना का भी जिक्र 

राहुल गांधी ने अपनी पोस्ट में मानसा की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि 'नशा रोको, रोजगार दो' अभियान चलाने वाले परविंदर सिंह झोटा को दिनदहाड़े गोली मार दी गई, जिसका वीडियो एक फेसबुक लाइव पर भी साफ दिखाई दिया है।

इसके साथ ही उन्होंने संगरूर का उदाहरण देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के अपने जिले में एक मजदूर ने जब मंत्री के सामने गांव में नशे का सवाल उठाया, तो परिवार के आरोपों के अनुसार उस पर माफी मांगने का दबाव बनाया गया, जिससे परेशान होकर उसने अपनी जान दे दी।

यह भी पढ़ें- पंजाब बंद के बीच फरीदकोट में हंगामा, नशीले कैप्सूल बेचता एक युवक काबू; एसपी की मौजूदगी में पुलिस को सौंपा

संगरूर की घटना पर भी उठाया सवाल

राहुल गांधी ने आगे कहा कि संगरूर में ही नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले मोहनजीत सिंह पर हिरासत में यातना दिए जाने के आरोप लगे हैं और यह मामला अब उच्च न्यायालय में विचाराधीन है। झोटा हत्याकांड का जिक्र करते हुए उन्होंने सवाल उठाया कि जब उन्होंने मामले की शिकायत की थी, तब पुलिस ने एफआईआर दर्ज करने के बाद उल्टा झोटा को ही आरोपी बना दिया था।

मुख्यमंत्री से पूछा सीधा सवाल

राहुल गांधी ने तीखे सवाल पूछते हुए कहा कि जिस सरकार में न्याय मांगने वाला और शिकायत करने वाला व्यक्ति ही मुलजिम बन जाए, वहां नशे के सौदागर भला बेखौफ क्यों नहीं होंगे? उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान से सीधा सवाल किया कि राज्य में नशे के खिलाफ लड़ने वाले लोगों की हिफाजत कौन करेगा?

अंत में उन्होंने दो टूक कहा कि पंजाब के युवाओं का भविष्य तबाह करने वाले इस नशे के साम्राज्य को पूरी तरह खत्म किए बिना कांग्रेस पार्टी चुप नहीं बैठेगी और चैन से नहीं बैठेगी।

यह भी पढ़ें- फतेहगढ़ साहिब में चिट्‌टे ने ली 22 वर्षीय युवक की जान; परिजनों ने नशा मुक्ति केंद्रों पर उठाए सवाल