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परविंदर झोटा हत्याकांड के विरोध का समर्थन करेगी SGPC; कार्यालय और सभी संस्थान कल रहेंगे बंद

Published: Wed, 14 Oct 2026 03:37 PM (IST)

परविंदर सिंह झोटा की हत्या के विरोध में 15 अक्टूबर के बंद को SGPC ने अपना समर्थन दिया है। इस दौरान कमेटी के सभी कार्यालय और संस्थान बंद रहेंगे।

कल के बंद की जानकारी देते हुए एसजीपीसी प्रधान एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी।

कल के बंद की जानकारी देते हुए एसजीपीसी प्रधान एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी।

HighLights

  1. SGPC ने परविंदर सिंह हत्याकांड के विरोध का समर्थन किया।

  2. 15 अक्टूबर को SGPC कार्यालय, संस्थान बंद रहेंगे।

  3. नशे के खिलाफ संघर्ष में पीड़ित परिवार के साथ SGPC।

जागरण संवाददाता, अमृतसर। नशा बेचने वालों का विरोध करने वाले सिख युवक परविंदर सिंह की हत्या के विरोध में 15 अक्टूबर को दिए गए पंजाब बंद के आह्वान का शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) ने समर्थन किया है। एसजीपीसी अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने घोषणा की है कि 15 अक्टूबर को कमेटी के कार्यालय और सभी संस्थान बंद रहेंगे।

उन्होंने कहा कि पंजाब की युवा पीढ़ी को नशे की दलदल से बाहर निकालने के लिए संघर्ष कर रहे लोगों के साथ शिरोमणि कमेटी मजबूती से खड़ी है। कमेटी परविंदर सिंह के स्वजन को हर संभव सहयोग देने के लिए भी प्रतिबद्ध है।

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धामी ने की घटना की निंदा

एडवोकेट धामी ने कहा कि नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले सिख युवक की बेरहमी से हत्या किया जाना दुखद है। पंजाब इस समय नशे की गंभीर समस्या से जूझ रहा है। रोजाना सैकड़ों युवा नशे की चपेट में आ रहे हैं और अनेक घर उजड़ रहे हैं। नशे के कारोबार के खिलाफ संघर्ष करने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। नशे को समाप्त करने के लिए केवल घोषणाएं करने के बजाय ठोस और प्रभावी कार्रवाई की जानी चाहिए।

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आवाज उठाने वालों को निशाना बनाना निंदनीय

उन्होंने कहा कि शिरोमणि कमेटी की ओर से आयोजित मीरी-पीरी खालसा मार्च के दौरान विभिन्न गांवों में संगत से संवाद करते समय नशे की खुलेआम बिक्री के बारे में कई बातें सामने आई थीं। इन घटनाओं ने सरकार की ओर से नशे के खिलाफ की जा रही कार्रवाई के दावों पर गंभीर सवाल खड़े किए थे।

यह चिंता का विषय है कि पंजाब में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले लोगों को ही निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने सभी पंजाबियों से नशे के खिलाफ एकजुट होकर आवाज उठाने और युवा पीढ़ी के भविष्य की रक्षा के लिए अपनी जिम्मेदारी निभाने की अपील की।

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