Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    नई संसद भवन में बदलेगी कर्मचारियों की ड्रेस! कांग्रेस का दावा- पोशाक पर किया कमल के निशान का इस्तेमाल

    By AgencyEdited By: Mohd Faisal
    Updated: Tue, 12 Sep 2023 04:16 PM (IST)

    संसद भवन के कर्मचारियों की ड्रेस को जल्द ही बदल दिया जाएगा। हालांकि कांग्रेस ने संसद भवन के कर्मचारियों को ड्रेस को लेकर सवाल खड़े किए हैं। कांग्रेस ने नई ड्रेस पर कमल का चिन्ह छापे जाने की खबरों पर प्रतिक्रिया दी है। कांग्रेस ने कहा कि संसदीय कर्मचारियों के ड्रेस कोड में बदलाव किया जा रहा है इस पर भाजपा का चुनाव निशान कमल छपा है।

    Hero Image
    नई संसद भवन में बदलेगी कर्मचारियों की ड्रेस! कांग्रेस का दावा (फाइल फोटो)

    नई दिल्ली, एजेंसी। संसद भवन के कर्मचारियों की ड्रेस को जल्द ही बदल दिया जाएगा। हालांकि, कांग्रेस ने संसद भवन के कर्मचारियों को ड्रेस को लेकर सवाल खड़े किए हैं। कांग्रेस ने नई ड्रेस पर कमल का चिन्ह छापे जाने की खबरों पर प्रतिक्रिया दी है। कांग्रेस ने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह संसद का विभाजन कर रही है।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    संसद भवन के कर्मचारियों की ड्रेस को लेकर शुरू हुई सियासत

    लोकसभा में कांग्रेस के चीफ व्हिप मनिकम टैगोर ने नई ड्रेस पर सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के लिए जो नई ड्रेस तैयार की जा रही है। उस पर राष्ट्रीय पशु और राष्ट्रीय पक्षी (बाघ या मोर) के बजाय 'कमल' का चिन्ह ही क्यों जोड़ा जा रहा है।

    मनिकम टैगोर ने BJP पर उठाए सवाल

    मनिकम टैगोर ने एक्स (X) पर #न्यू ड्रेस फॉर पार्लियामेंट स्टाफ लिखते हुए सरकार से पूछा कि सिर्फ कमल ही क्यों? मोर या बाघ क्यों नहीं। उन्होंने आगे कहा कि अच्छा ये भाजपा का चुनाव चिन्ह नहीं हैं। सर ओम बिरला ये गिरावट क्यों?

    यह भी पढ़ें- 'सनातन के अपमान पर सोनिया खामोश क्यों?', BJP ने पूछा- क्या हिंदू धर्म के खात्मे के लिए हुआ I.N.D.I.A. का गठन

    संसद के कर्मचारियों का होगा नया ड्रेस कोड

    बता दें कि संसद के कर्मचारियों के लिए एक नया ड्रेस कोड होगा, जिस पर कमल का चिन्ह छपा है। टैगोर ने एक बयान में कहा कि संसदीय कर्मचारियों के ड्रेस कोड में बदलाव किया जा रहा है, इस पर भाजपा का चुनाव निशान कमल छपा है। संसद के कर्मचारियों की नई ड्रेस पर सरकार बाघ या फिर मोर के निशान को रखने के लिए तैयार नहीं है क्योंकि बाघ राष्ट्रीय पशु और मोर राष्ट्रीय पक्षी है, लेकिन उन्होंने कमल के निशान को नहीं चुना।

    एक पार्टी के प्रतीक का हिस्सा बनती जा रही संसद- टैगोर

    टैगोर ने केंद्र सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्होंने जी-20 शिखर सम्मेलन में भी ऐसा किया था। अब वो ये कह रहे हैं कि कमल हमारा राष्ट्रीय फूल है। उन्होंने आरोप लगाया कि ये बिल्कुल भी ठीक नहीं है। उम्मीद है कि भाजपा संसद का विभाजन नहीं करेगी। टैगोर ने आरोप लगाया कि संसद एक पार्टी के प्रतीक का हिस्सा बनती जा रही है। उन्होंने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया।

    यह भी पढ़ें- MP Election 2023: दिल्ली में जेपी नड्डा के घर पर बनी 'मध्य प्रदेश फतह' करने की रणनीति, शाह-शिवराज भी रहे मौजूद