यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 25, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Odisha News: Jagannath Dham में भगवान श्रीकृष्ण को लगा 851 व्यंजनों का भोग, जानिए क्या है इसके पीछे की मान्यताएं
पुरी जगन्नाथ धाम में सोमवार को भगवान श्रीकृष्ण को 851 व्यंजनों के भोग लगाए गए। इन व्यंजनों में कई तरह ...और पढ़ें

HighLights
- गौर विहार माता मठ में पकवान बनाने में 20 चूल्हे का उपयोग किया गया।
- भोग तैयार करने में पुरुषों और महिलाओं की समानभागीदारी रहती है।
जागरण संवाददाता, भुवनेश्वर। जगन्नाथ धाम, पुरी के बलियापांडा स्थित गौर विहार माता मठ में सोमवार को भगवान श्रीकृष्ण को 851 प्रकार के स्वादिष्ट व्यंजनों के भोग लगाए गए। इन व्यंजनों में कई तरह के पकवान, मिठाइयां, फल, हलवा, खीर आदि शामिल थे।
यहां मार्गशीर्ष मास के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि को व्यंजन द्वादशी के रूप में मनाने का विधान है। इस अवसर पर जहां भक्तों ने जहां राधा-कृष्ण के दर्शन किए। वहीं, प्रसाद के तौर पर स्वादिष्ट पकवान का आनंद भी लिया। इस पवित्र तिथि के अवसर पर माता मठ में अल सुबह से देर शाम तक भक्तों की भीड़ लगी रही।
क्या है पौराणिक मान्यताएं
बताते चलें कि द्वापर युग की लोककथाओं और परंपराओं को जीवित रखने के उद्देश्य से यह आयोजन हर वर्ष होता है। कहा जाता है कि द्वापर युग में मां यशोदा ने स्नेह और श्रद्धा से श्रीकृष्ण के लिए नाना प्रकार के स्वादिष्ट पकवान तैयार कर उन्हें अपने हाथों से खिलाया था।
भगवान कृष्ण के प्रति समर्पण की इसी भावना के साथ गंजाम, गजपति, पुरी और बंगाल के कई कृष्ण मंदिरों में आज के दिन भक्त कई प्रकार के व्यंजन तैयार करते हैं। इसके बाद भगवान श्रीकृष्ण को भोग लगाए जाने के बाद प्रसाद के रूप में उसे ग्रहण करते हैं।
भोग तैयार करने में पुरुषों और महिलाओं की समान भूमिका होती है। गौर विहार माता मठ में पकवान बनाने में 20 चूल्हे का उपयोग किया गया।
