Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    '...तो आरोपी को PMLA के तहत ईडी नहीं कर सकती गिरफ्तार', सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला

    By Agency Edited By: Piyush Kumar
    Updated: Thu, 16 May 2024 11:54 AM (IST)

    सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि पीएमएलए कानून के प्रावधानों के तहत अगर विशेष अदालत ने शिकायत पर स्वतः संज्ञान ले लिया है तो फिर ईडी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकती। कोर्ट ने आगे कहा कि ईडी को अगर आरोपी को हिरासत में लेना है तो उसे पहले संबंधित कोर्ट में आवेदन देना होगा। आवेदन से संतुष्ट होने के बाद ही अदालत ईडी को आरोपी की हिरासत देगी।

    Hero Image
    सुप्रीम कोर्ट ने ईडी की गिरफ्तारी को लेकर कड़ी टिप्पणी की।(फोटो सोर्स: जागरण)

    एएनआई, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने आज ईडी की गिरफ्तारी को लेकर एक बड़ी टिप्पणी की है। कोर्ट ने कहा कि पीएमएलए कानून (Prevention of Money Laundering Act)  के प्रावधानों के तहत अगर विशेष अदालत ने शिकायत पर स्वतः संज्ञान ले लिया है तो फिर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकती।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    हिरासत में लेना है तो कोर्ट को आवेदन देना होगा: सुप्रीम कोर्ट

    सुप्रीम कोर्ट ने आगे कहा कि ईडी को अगर आरोपी को हिरासत में लेना है तो उसे पहले संबंधित कोर्ट में आवेदन देना होगा। आवेदन से संतुष्ट होने के बाद ही अदालत, ईडी को आरोपी की हिरासत देगी। 

    न्यायमूर्ति अभय एस ओका और न्यायमूर्ति उज्जल भुइयां की पीठ ने कहा कि जब कोई आरोपी किसी समन के अनुपालन में अदालत के समक्ष पेश होता है, तो एजेंसी को उसकी हिरासत पाने के लिए संबंधित अदालत में आवेदन करना होगा।

    मनी लॉन्ड्रिंग मामले पर अदालत ने की टिप्पणी

    याचिकाकर्ता ने पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के दिसंबर 2023 के आदेश को चुनौती दी थी। अदालत ने यह टिप्पणी इस सवाल से निपटने के दौरान की कि क्या मनी लॉन्ड्रिंग मामले में किसी आरोपी को जमानत के लिए कड़े दोहरे परीक्षण से गुजरना पड़ता है, यहां तक ​​कि उन मामलों में भी जहां विशेष अदालत अपराध का संज्ञान लेती है।

    कुछ दिनों पहले एक सुनवाई के दौरान जस्टिस ओका ने कहा था कि शिकायत दर्ज होने के बाद ईडी किसी व्यक्ति को गिरफ्तार नहीं कर सकती।

    यह भी पढ़ें: Supreme Court: राजस्थान के सरिस्का टाइगर रिजर्व में बिना मंजूरी के चल रहा था अवैध खनन, सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक