यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 01, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
अमेरिका में बढ़ रही भारतवंशियों की धमक, ट्रंप प्रशासन में कई चेहरे; अब FBI की कमान काश पटेल के हाथ में
रिपब्लिकन पार्टी के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा अधिकारी काश पटेल को एफबीआई का प्रमुख ...और पढ़ें

HighLights
- भारतीय-अमेरिकी हिंदू समुदाय ट्रंप के दूसरे कार्यकाल के केंद्र में होगा।
- विवेक रामास्वामी, जय भट्टाचार्य, तुलसी गबार्ड अहम पदों पर नामित।
- नवनिर्वाचित उपराष्ट्रपति जेडी वेंस की पत्नी उषा भी भारतीय मूल की।
जेएनएन, नई दिल्ली। अमेरिका में भारतीय मूल के लोगों की धमक लगातार बढ़ती जा रही है। वे शीर्ष अमेरिकी कंपनियों के उच्च पदों से लेकर देश की राजनीति में भी अहम पदों तक पहुंच रहे हैं। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपने आगामी प्रशासन के लिए अब तक कई भारतवंशियों को नामित कर चुके हैं। जबकि ट्रंप के पूर्व आध्यात्मिक सलाहकार जानी मूर ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि भारतीय-अमेरिकी समुदाय रिपब्लिकन नेता के दूसरे कार्यकाल के केंद्र में होगा।
नवनिर्वाचित उपराष्ट्रपति जेडी वेंस की पत्नी उषा चिलुकुरी भारतीय मूल की हैं। उषा का ताल्लुक आंध्र प्रदेश से है। कार्यक्षमता बढ़ाने वाले विभाग के प्रमुख के पद पर एलन मस्क के साथ नामित किए गए विवेक रामास्वामी का जुड़ाव केरल से है। उनके माता-पिता केरल से अमेरिका में जाकर बस गए थे और यहीं पर उनका जन्म हुआ। जबकि ट्रंप ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य संस्थान के निदेशक पद के लिए जय भट्टाचार्य को चुना है। उनका जन्म कोलकाता में हुआ है।
काश पटेल बने FBI के प्रमुख
ट्रंप ने तुलसी गबार्ड को राष्ट्रीय खुफिया विभाग का प्रमुख नियुक्त किया है। चार बार सांसद रह चुकीं गबार्ड ने राष्ट्रपति चुनाव के दौरान ट्रंप का खुलकर समर्थन किया था। ट्रंप ने अब काश पटेल को एफबीआई का प्रमुख नामित किया है।
20 जनवरी को शपथ लेंगे ट्रंप
गत पांच नवंबर को हुए राष्ट्रपति चुनाव जीतने वाले ट्रंप लगातार अपने प्रशासन को आकार दे रहे हैं। वह अब तक विदेश मंत्री, रक्षा मंत्री और एनएसए समेत कई अहम पदों के लिए नामों की घोषणा कर चुके हैं। ट्रंप अगले वर्ष 20 जनवरी को राष्ट्रपति पद की शपथ लेंगे। यह उनका दूसरा कार्यकाल होगा। इससे पहले वह 2016 में राष्ट्रपति चुने गए थे।
