यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 09, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Demonetisation case: 24 नवंबर को होगी नोटबंदी मामले की अगली सुनवाई, केंद्र सरकार ने मांगा समय
Demonetisation case सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को नोटबंदी मामले पर सुनवाई 24 नवंबर तक टाल दी है। बता दें कि ...और पढ़ें

नई दिल्ली, एएनआइ।Demonetisation case: सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को नोटबंदी (Demonetisation) मामले पर सुनवाई टाल दी है। वर्ष 2016 में 500 और 1,000 रुपये के नोटों को बंद करने के केंद्र के फैसले को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट अब 24 नवंबर को सुनवाई करेगी।
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अटॉर्नी-जनरल ने मांगा अदालत से समय
सरकार की तरफ से अटॉर्नी-जनरल आर वेंकटरमणि ने व्यापक हलफनामा तैयार करने के लिए एक सप्ताह का समय मांगा है। नोटबंदी मामले की सुनवाई कर रही 5 जजों जस्टिस अब्दुल नजीर, बीआर गवई, एएस बोपन्ना, वी रामसुब्रमण्यम और बीवी नागरत्ना की बेंच ने केंद्र सरकार से जानकारी मांगी है कि नोटबंदी लागू करने से पहले क्या-क्या प्रक्रिया अपनाई गई थी। इसी का जवाब देने के लिए अटॉर्नी-जनरल ने अदालत से कुछ दिनों का समय मांगा है।
नोटबंदी को हुए 6 साल
केंद्र सरकार ने 2016 की रात को अचानक नोटबंदी की घोषणा कर दी थी। जिसके तहत देश में 500 और 1000 रुपये के नोट को पद करने का फैसला किया गया था। सरकार के इस फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी। वकील विवेक नाराण शर्मा ने केंद्र सरकार के नोटबंदी के खिलाफ कोर्ट में याचिका दायर की थी। जानकारी के लिए बता दें कि वर्ष 2016 से नोटबंदी के खिलाफ 57 और याचिकाएं दर्ज की गई है।
कोर्ट ने पिछली सुनवाई में क्या कहा
नोटबंदी को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने 12 अक्टूबर 2022 को केंद्र और भारतीय रिजर्व बैंक से नोटनबंदी को लेकर एक व्यापक हलफनामा दाखिल करने को कहा था। 5 जजों की बेंच ने वर्ष 2016 में 500 और 1000 रुपये के नोटो को बंद करने के केंद्र के फैसले को चुनौती देने से संबंधित सभी हस्तक्षेप करने वाले आवदेन और नई याचिकाओं पर नोटिस जारी किया था।
