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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 16, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

उप्र में मौत ने सियासत का चोला ओढ़ लिया: राजनाथ

By Gunateet OjhaEdited By:
Published: Thu, 16 Apr 2015 07:02 PM (IST)Updated: Thu, 16 Apr 2015 07:38 PM (IST)

मौसमी उलट फेर से बर्बाद हुए किसानों का दुख दर्द बांटने सहारनपुर के दौरे पर पहुंचे केन्द्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ...और पढ़ें

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सरसावा,(सहारनपुर)। मौसमी उलट फेर से बर्बाद हुए किसानों का दुख दर्द बांटने सहारनपुर के दौरे पर पहुंचे केन्द्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि यहां तो मौत ने भी सियासत का चोला ओढ़ लिया है।

यह टिप्पणी उन्होंने जिलाधिकारियों के उस बयान पर तंज कसते हुए की जिसमें अधिकांश किसानों की मौत का कारण फसल बर्बादी के सदमे से न होना कहा जा रहा है। उन्होंने बारिश और ओलावृष्टि से बर्बाद हुई फसलों को जायजा लेकर किसानों से बात भी की।

राजनाथ सिंह ने किसानों की मौत को कई जिलों के डीएम द्वारा फर्जी मानने संबंधी रिपोर्ट पर टिप्पणी करते हुए कहा कि यहां तो मौत ने भी सियासत का चोला ओढ़ लिया है। फसल बर्बाद होने पर किसानों की मौत सदमे से हुई है या अन्य किसी कारण, मौत तो हुई ही है। उसका पूरा परिवार आहत है, ऐसे में अफसरों को ही नहीं सरकार को चाहिए कि ऐसे किसान परिवार को आर्थिक मदद करे। केन्द्र सरकार ऐसे अफसरों की रिपोर्ट पर पूरी निगाह रख रही है।

राजनाथ सिंह गुरूवार सुबह 11 बजे गांव गोविंदपुर में सड़क किनारे बुद्ध सिंह सैनी के खेत पर रुके और गेहूं की बाल तोड़कर डीएम से बर्बाद फसलों की जानकारी ली। यहां से सीधे सरसावा स्थित डीसी जैन इंटर कालेज में किसानों से बातचीत की। कहा कि उन्होंने एक खेत से गेहूं की बाल तोड़कर देखी है उसमें भूसा है और दाना काला पड़ गया है, इसलिए खाद्य मंत्री को भी कहा गया है कि गेहूं कैसी भी हो सरकार उसकी खरीद करे।

उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर किसानों की मदद करें। उन्होंने किसानों के आत्महत्या करने के मामलों पर चिंता प्रकट करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार आपदा राहत कोष के तहत दिए गए 506 करोड़ रूपये को बेमौसम बारिश एवं ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों को तत्काल वितरित करे। बताया कि प्रधानमंत्री किसानों के लिए बहुत चिंतित हैं। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार 55 जिले बेमौसम बारिश एवं ओलावृष्टि से प्रभावित हुए हैं।

उन्होंने श्रीनगर में पाकिस्तानी झंडा फहराने और उसके पक्ष में नारे लगाने वाले आतंकी मसर्रत आलम की गिरफ्तारी न होने के सवाल पर कहा कि जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद को कार्रवाई करने को कहा गया है। आजम खां के देश छोड़ने संबंधी बयान पर राजनाथ ने कोई टिप्पणी नही की पर सपा, जद, इनेलो आदि दलों के विलय पर उन्होंने कहा कि वह जनता के बीच जाकर समस्याओं का समाधान कर रहे है जबकि यह दल अभी अपने कामों में ही लगे हैं।

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