'एक सेकेंड में फ्यूल कट और इंजन बंद', AAIB की 15 पन्नों की रिपोर्ट में और क्या-क्या? पढ़ें आखिरी पलों की पूरी कहानी
अहमदाबाद में एअर इंडिया विमान AI171 के दुर्घटनाग्रस्त होने की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। रिपोर्ट के अनुसार उड़ान भरने के तुरंत बाद विमान के दोनों इंजनों को ईंधन की आपूर्ति अचानक बंद हो गई थी। कॉकपिट रिकॉर्डिंग से पता चलता है कि पायलटों के बीच फ्यूल स्विच कटऑफ होने को लेकर सवाल-जवाब हुए।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। अहमदाबाद में 12 जून, 2025 को एअर इंडिया का प्लेन क्रैश हो गया था। अब 12 जुलाई, 2025 को इसकी प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सामने आई है, जिसमें प्लेन क्रैश के आखिरी पलों की जानकारी दी गई है। रिपोर्ट में पाया गया है कि एअर इंडिया की उड़ान संख्या AI171 के दोनों इंजनों को ईंधन की आपूर्ति एक सेकेंड में ही बंद हो गई थी और विमान उड़ान भरने के तुरंत बाद ही जमीन पर गिर गया।
15 पन्नों की रिपोर्ट में बताया गया कि कॉकपिट की वॉइस रिकॉर्डिंग में एक पायलट ने दूसरे पायलट से कहा कि तुमने फ्यूल कटऑफ क्यों कर दिया? तो वहीं दूसरे पायलट ने कहा कि उसने ऐसा नहीं किया है। जब इंजन रिकवर नहीं हो पाया तो MAYDAY कॉल की गई।
पढ़िए, पूरा घटनाक्रम
- विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो की रिपोर्ट में दिए गए घटनाक्रम के मुताबिक, दोनों फ्यूल कंट्रोल स्विच उड़ान भरने के तुरंत बाद ही कटऑफ की स्थिति में चले गए। हालांकि रिपोर्ट में इस बात जिक्र नहीं है कि ये किसने किया और कैसे हुआ।
- जैसे ही दोनों फ्यूल कटऑफ स्विच एक सेकेंड में RUN से CUTOFF में चले गए, हाइड्रोलिक पावर की सप्लाई के लिए RAT पंप तैनात किया गया। ऐसा इसलिए किया गया क्योंकि दोनों इंजन न्यूनतम निष्क्रिय दर से नीचे आ गए थे।
- 10 सेकेंड बाद पहले इंजन का फ्यूल कटऑफ स्विच RUN की स्थिति में चला गया और उसके 4 सेकेंड बाद दूसरा इंजन भी इसी स्थिति में पहुंच गया। पायलट दोनों इंजनों को चालू करने में कामयाब तो हुए लेकिन केवल पहला इंजन की ठीक से चालू हो पाया, जबकि दूसरा इंजन स्पीड कम करने के लिए जरूरी पावर नहीं दे पाया।
- दो पायलटों में से एक ने MAYDAY कॉल किया लेकिन इसको लेकर एअर ट्रैफिक कंट्रोलर्स को इस बारे में कुछ पता चल पाता कि क्या गलत हुआ है, प्लेन अहमदाबाद एअरपोर्ट बाउंड्री के ठीक बाहर दुर्घटना का शिकार हो गया और कुछ पेड़ों को छूते हुए छात्रों के हॉस्टल पर जा गिरा।
- जब प्लेन ने उड़ान भरी थी, तब को-पायलट विमान उड़ा रहा था जबकि कैप्टन निगरानी कर रहा था। उड़ान और दुर्घटना के बीच का समय केवल लगभग 30 सेकेंड का था। एएआईबी की प्रारंभिक रिपोर्ट में बोइंग 787-8 विमानों के संचालकों के लिए फिलहाल कोई कार्रवाई न करने की सिफारिश की गई है।
(एजेंसी के इनपुट के साथ)
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