Pariksha Pe Charcha में पीएम मोदी ही नहीं दीपिका पादुकोण समेत ये हस्तियां भी देंगी टिप्स, इस दिन होगा आयोजन
पीएम मोदी की छात्रों से होने वाली परीक्षा पे चर्चा की यह शुरूआत 2018 से हुई थी। कोरोना काल में चर्चा का आयोजन वर्चुअल किया गया था। पीएम मोदी ने छात्रों को परीक्षा से जुड़े तनाव को भगाने के लिए एक्जाम वारियर्स नाम से एक पुस्तक भी लिखी है। जो छात्रों अभिभावकों औैर शिक्षकों के बीच काफी लोकप्रिय है।
जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। परीक्षा के तनाव को भगाने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की छात्रों के साथ हर साल होने वाली परीक्षा पे चर्चा इस बार नए अवतार में दिखेगी, जिसमें पीएम मोदी के साथ-साथ अलग-अलग क्षेत्रों से जुड़ी सात और हस्तियां परीक्षा के दौरान होने वाले तनाव को दूर करने का मंत्र देती दिखेगी। इस सेलिब्रेटीज लिस्ट में दीपिका पादुकोण, आध्यात्मिक गुरु सद्गुरु, मैरी कॉम और विक्रांत मैसी और एडलवाइस म्यूचुअल फंड (Edelweiss Mutual Fund) की सीईओ और एमडी राधिका गुप्ता सहित अन्य का नाम शामिल हैं। पीएम मोदी के अलावा, इन सभी हस्तियों के रिकॉर्डेड वीडियो प्रसारित किए जाएंगे।
परीक्षा पे चर्चा के इस नए अवतार का प्रसारण 10 फरवरी को किया जाएगा। परीक्षा पे चर्चा के इस नए अवतार में पीएम मोदी के साथ चर्चा में 35 छात्रों ने हिस्सा लिया है। सभी छात्र अलग अलग राज्य से हैं। जबकि अन्य प्रमुख हस्तियों के साथ भी 50-60 छात्र शामिल हुए है।
इस तरह से इस चर्चा में इस बार सीधे तौर पर करीब छह सौ छात्रों ने हिस्सा लिया है। हालांकि पीएम मोदी की इस चर्चा के लिए इस बार देश- दुनिया के रिकार्ड साढ़े तीन करोड़ से अधिक छात्रों, शिक्षकों व अभिभावकों ने पंजीयन कराए है। यह सभी इस चर्चा को अब 10 फरवरी को सुन सकेंगे, साथ ही अपने सवालों का जवाब भी पा सकेंगे। चर्चा के लिए पंजीयन के दौरान छात्रों पर पीएम से पूछे जाने वाले सवाल भी लिए गए है। सामान्यतया बोर्ड परीक्षाओं से पहले होने वाली इस चर्चा में अब तक पीएम मोदी ही अकेले छात्रों को परीक्षा से जुड़े तनावों को दूर भगाने का मंत्र देते दिखते थे। लेकिन इस बार पीएम मोदी सहित सात अन्य क्षेत्रों से जुड़ी हस्तियां भी इस चर्चा में बच्चों अपने-अपने तरीके से तनाव और स्वस्थ रहने का मंत्र देते दिखेगी।
चर्चा में पीएम मोदी ने दिल्ली की शिक्षा व्यवस्था पर उठाए सवाल
पीएम मोदी की छात्रों के साथ चर्चा का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें वह यह कहते हुए दिख रहे है कि मैंने सुना है कि दिल्ली में बच्चों को नौंवी कक्षा से आगे जाने ही नहीं देते है। जिन बच्चों के पास होने की गारंटी होती है उन्हें ही अगली कक्षा में जाने देते है। उन्हें डर रहता है कि ये फेल हो जाएंगे, तो उनका रिजल्ट खराब हो जाएगा। इसके उनके सरकार की इज्जत खराब हो जाएगा। इसलिए यह बड़ी बेईमानी का काम होता है। सामने आए चर्चा से जुड़े इस वीडियो में बच्चे पीएम मोदी की इस बात का समर्थन करते हुए दिख रहे है।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।