Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    IAS Success Story: वो शख्स जो बने दो बार IPS और फिर IAS अधिकारी, जानिए कौन है कार्तिक जीवाणी

    By Nidhi AvinashEdited By: Nidhi Avinash
    Updated: Wed, 18 Jan 2023 03:35 PM (IST)

    IAS Success Story यूपीएससी की परीक्षा को देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक माना जाता है। इस परीक्षा को देने के लिए लाखों बच्चे बैठते हैं लेकिन कुछ की ही किस्मत चमक पाती है। यूपीएससी की परीक्षा तीन चरण में होती है प्रारंभिक मेंस और फिर इंटरव्यू।

    Hero Image
    IAS Success Story: वो शख्स जो बने दो बार IPS और फिर IAS अधिकारी, जानिए कौन है कार्तिक जीवाणी

    नई दिल्ली, ऑनलाइन डेस्क। IAS Success Story: 'बस मेंस (Mains) निकल जाए उसके बाद इंटरव्यू तो क्लियर हो ही जाएगा'। यूपीएससी की सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करने वाले हर एक बच्चे के मन में ये बात आती ही है।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    यूपीएससी की परीक्षा को देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक माना जाता है। इस परीक्षा को देने के लिए लाखों बच्चे बैठते हैं, लेकिन कुछ की ही किस्मत चमक पाती है। यूपीएससी की परीक्षा तीन चरण में होती है प्रारंभिक, मेंस और फिर इंटरव्यू। इन तीन चुनौतियों को जो पार कर लेता है, समझो उसका करियर सफल। ऐसा ही कुछ कार्तिक जीवाणी ने कर दिखाया।

    कार्तिक जीवाणी ने तीन बार दी यूपीएससी (UPSC) की परीक्षा

    कार्तिक जीवाणी, वो शख्स है जिन्होंने हार नहीं मानी। उन्होंने एक बार नहीं बल्कि तीन बार इस कठिन परीक्षा को पास किया और आईएएस (IAS) अधिकारी बनने का अपना सपना पूरा किया। गुजरात के सूरत के रहने वाले कार्तिक ने अपनी 12वीं की पढ़ाई साइंस स्ट्रीम से पूरी की। हर छात्र की तरह उन्होंने जेईई मेंस की परीक्षा दी और IIT Bombay में एडमिशन लिया।

    इंजीनियरिंग की पढ़ाई के दौरान उन्होंने सिविल सेवा की परीक्षा देने का मन बनाया और पहला अटेम्प्ट दिया लेकिन वो फेल हो गए। पहले प्रयास के बाद उन्हें महसूस हुआ कि सिविल सेवा की अच्छी से तैयारी करने के बाद ही परीक्षा में बैठना सही होगा।

    IAS परीक्षा क्रैक करने के बाद का प्रोसेस भी है कठिन, जानिए पहली पोस्ट से लेकर सबसे बड़ा पद हासिल करने का सफर

    वर्ष 2017 में मिली पहली सफलता

    पहले अटेम्प्ट में फेल होने के बाद कार्तिक ने सिविल सेवा की परीक्षा की जमकर तैयारी की। कड़ी मेहनत के बाद कार्तिक ने वर्ष 2017 में पहली बार सिविल सेवा की परीक्षा को पास करने में सफलता पाई। उनका 94 रैंक आया था। आईपीएस सेवा में कार्यरत होने के बावजूद वह रूके नहीं बल्कि फिर से वह आगे की परीक्षा की तैयारी में जुट गए। वर्ष 2019 में उन्होंने एक बार फिर से परीक्षा पास की और इस बार उनका रैंक था 84।

    आईएएस बनने का सपना हुआ पूरा

    कार्तिक का आईएएस बनने का सपना था और इसे पूरा करने के लिए उन्होंने दिन-रात पढ़ाई की। इस दौरान उनकी आईपीएस पद की भी ट्रेनिंग चल रही थी। इस बीच उन्होंने 15 दिनों की छुट्टी ली और अपने घर आ गए, जहां उन्होंने 10-10 घंटों तक पढ़ाई की। वर्ष 2020 में कार्तिक फिर से परीक्षा में बैठे। कड़ी मेहनत और लगन के कारण उन्होंने ये परीक्षा भी पास की। 8 रैंक के साथ ही उनका आईएएस बनने का सपना पूरा हुआ। इस रैंक के साथ वह गुजरात के सबसे अधिक रैंक पाने वाले शख्स बन गए।

    Bikaneri Bhujia: 150 वर्ष पुराना है बीकानेर भुजिया का इतिहास, इस राजा के शासनकाल में किया गया था निर्माण

    IAS की तैयारी कैसे करें?

    अगर आप भी कार्तिक की तरह IAS बनने का सपना देख रहे है तो आपको पता होना चाहिए कि इसमें सफलता हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत के साथ-साथ स्मार्ट वर्क भी काफी जरूरी होता है। कार्तिक के मुताबिक, सिविल सेवाओं में करियर बनाने के लिए आपको पता होना चाहिए कि क्या पढ़ना है और क्या नहीं पढ़ना है। मेहनत के साथ-साथ स्मार्ट होना भी काफी आवश्यक होता है।

    परीक्षा को पास करना है तो अनुशासन होना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि जिस सबजेक्ट में आपकी पकड़ मजबूत है उसे पहले तैयार करें, वहीं बाकी सब्जेक्ट के बारे में जानकारी जुटाए और उसे दिलचस्पी से पढ़े। IAS की परीक्षा की तैयारी करनी है तो हर दिन 7-9 घंटे की पढ़ाई बहद जरूरी है।

    Magh Mela Uttarkashi: यहां सीटी बजाने पर अवतरित होते हैं भगवान, अनोखी है दो भाइयों की परंपरा