Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    Market Outlook: अगले हफ्ते कैसे रहेगी बाजार की चाल, किन फेक्टर्स का होगा असर

    Market Outlook भारतीय बाजार के लिए इस हफ्ते कई फैक्टर्स अहम होने वाले हैं। इसमें टीसीएस और विप्रो के शेयर में तेजी देखने को मिल सकती है। इसके अलावा वैश्विक कारक और विदेशी निवेशकों के द्वारा बाजार को आगे बढ़ाएंगी। इस हफ्ते कई कंपनी अपना तिमाही के नतीजों की घोषणा करेगी।इसका भी असर बाजार पर पड़ेगा। इस महीने एफपीआई ने सबसे ज्यादा निवेश किया है।

    By Priyanka KumariEdited By: Priyanka KumariUpdated: Sun, 09 Jul 2023 04:03 PM (IST)
    Hero Image
    Market Outlook: अगले हफ्ते कैसे रहेगी बाजार की चाल

     नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। Share Market Next Week: भारतीय बाजार के लिए आने वाला हफ्ता काफी अहम रहेगा। महंगाई के आंकड़ो के साथ बड़ी कंपनियों के वित्त वर्ष की पहली तिमाही के नतीजों का ऐलान होगा। इसके साथ-साथ अमेरिका में फेड की कमेंट्री का असर भी देखने को मिलेगा। इस बार शेयर बाजार को लेकर विशेष्कों का ध्यान टीसीएस और विप्रो के नतीजों पर नजर रखना चाहिए।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    इसके अलावा, वैश्विक कारक और विदेशी निवेशकों की गतिविधियां भी बाजार को आगे बढ़ाएंगी।

    किस कंपनी का कब आएगा रिजल्ट

    विशेष्लकों का मानना है कि पहली तिमाही की एचसीएल टेक, टीसीएस और विप्रो के इनकम रिपोर्ट का भी असर देखने को मिल रहा है। इनका रिजल्ट 12 जुलाई 2023 तक आएगा। स्वास्तिका इन्वेस्टमार्ट लिमिटेड के शोध प्रमुख संतोष मीना के अनुसार अमेरिका के व्यापक आर्थिक संकेतकों और कच्चे तेल की कीमतों के उतार-चढ़ाव पर भी बारीकी से नजर रखनी होगी।

    शेयर बाजार के निवेशक जून के लिए थोक मूल्य सूचकांक मुद्रास्फीति डेटा पर भी नज़र रखेंगे जो शुक्रवार को घोषित होने वाला है। फेडरल बैंक, बंधन बैंक और जेएसडब्ल्यू एनर्जी भी इस हफ्ते जून तिमाही के नतीजों की घोषणा करेंगे।

    मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड के रिटेल रेसर्च प्रमुख सिद्धार्थ खेमका ने कहा, वित्त वर्ष 2024 की पहली तिमाही के रिजल्ट के बाद स्टॉक-विशिष्ट कार्रवाई में तेजी आएगी। इसके आगे ने कहा कि टीसीएस और एचसीएल टेक बुधवार को अपने नतीजे घोषित करेंगे और उसके बाद गुरुवार को विप्रो अपने नतीजे घोषित करेगी।

    इन फे्कटर्स पर पड़ेगा असर

    मास्टर कैपिटल सर्विसेज लिमिटेड के वरिष्ठ उपाध्यक्ष अरविंदर सिंह नंदा ने कहा ने कहा कि इस हफ्ते वैश्विक और घरेलू संकेत, आने वाले तिमाही सीजन, भारत के मुद्रास्फीति आंकड़े, आईआईपी संख्या, एफआईआई और डीआईआई (घरेलू संस्थागत निवेशक) गतिविधियों बाजार को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।

    पिछले हफ्ते बाजार कैसा था

    पिछले हफ्ते, 30-शेयर बीएसई बेंचमार्क 561.89 अंक या 0.86 प्रतिशत उछल गया। 7 जुलाई को बीएसई सेंसेक्स 65,898.98 के अपने इंट्रा-डे शिखर पर पहुंच गया। बीएसई-सूचीबद्ध कंपनियों का बाजार पूंजीकरण गुरुवार को 301.70 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया। ये भारतीय शेयर बाजार के सकारात्मक रुझान को दर्शाता है। रिकॉर्ड तेजी के बाद शुक्रवार को बीएसई बेंचमार्क 505.19 अंक या 0.77 प्रतिशत गिर गया।

    भारतीय इक्विटी बाजार ने एक नया रिकॉर्ड दर्ज किया है। विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने अभी तक सबसे ज्यादा शेयर खरीदा है। कमजोर वैश्विक संकेतों, अमेरिकी बांड पैदावार में बढ़ोतरी के कारण पिछले कारोबारी सत्र में मुनाफावसूली हुई है।