खूंखार जंगली सूअर के खौफ से थर्राया सिमडेगा, प्रशासन ने लागू किया धारा 144; अब तक ली एक की जान और नौ घायल
सिमडेगा में सदर थाना क्षेत्र के पिथरा पंचायत में होली के दिन जंगली सूअर के हमले से एक की मौत हो गई जबकि नौ लोग घायल हो गए। जंगली सूअर के खौफ को देखते हुए इलाके में धारा 144 लागू कर दिया है। इसके तहत कई चीजों पर रोक लगा दी गई है। वन विभाग के कर्मी भी सूअर की तलाश में जुटे हुए हैं।
जागरण संवाददाता, सिमडेगा। जंगली सूअर द्वारा नौ लोगों को घायल करने व एक की जान लेने के बाद प्रशासन ने सुरक्षा के दृष्टिकोण से पिथरा पंचायत में धारा 144 लगा दिया है।
इन चीजों के करने पर लगा दी गई रोक
अनुमंडल पदाधिकारी सुमंत तिर्की ने इस बाबत आदेश जारी करते हुए निर्देश दिया है। इसके तहत पंचायत में पांच या पांच से अधिक लोगों को एक जगह नहीं जमा होने, ध्वनि-विस्तारक यंत्र का उपयोग नहीं करने, हरवे हथियार या किसी तरह के अस्त्र-शस्त्र के साथ नहीं चलने तथा किसी प्रकार के धरना, प्रदर्शन, रैली का आयोजन नहीं करने के निर्देश दिए गए हैं।
जंगली सूअर की तलाश जारी
विदित हो कि पत्र में आशंका व्यक्त की गई है कि ग्रामीण जंगली सूअर को ढूंढने अथवा भगाने का प्रयास कर सकते हैं। ऐसे में जान-माल की क्षति की संभावना से इनकार नही किया जा सकता। इधर वन विभाग ने अभी तक उक्त जंगली सूअर का पता नहीं लगा पाया है। वन विभाग के कर्मी सुबह से ही क्षेत्र में निकले हुए हैं।
30 साल पहले हुआ था जंगली सूअर का हमला
वन क्षेत्र पदाधिकारी एसएस चौधरी ने कहा कि ऐसी संभावना है कि ग्रामीणों ने जंगली सूअर को चोट पहुंचाई होगी, जिस कारण वह इतना आक्रमक हुआ। उन्होंने कहा कि करीब 30 साल पहले भी जंगली सूअर ने एक व्यक्ति को मार डाला था।
हालांकि, उसके बाद इतने बड़े स्तर पर नुकसान नहीं पहुंचा पहुंचा था। बता दे कि क्षेत्र में लोग जंगली सूअर का भी यदा-कदा शिकार करते रहे हैं। परंतु जंगली नर सुअर काफी ताकतवर व खतरनाक होते हैं। हाथी के जैसे ही उसका दांत निकला होता है, जिसे वे हथियार के रूप में इस्तेमाल करते हैं।
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