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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 25, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

कौन हैं सत्यानंद भोक्ता? लालू यादव ने बिहार चुनाव से पहले दे दी RJD में बड़ी जिम्मेदारी

Published: Fri, 25 Jul 2025 08:50 AM (IST)Updated: Fri, 25 Jul 2025 10:18 AM (IST)

Satyanand Bhokta राजद प्रमुख लालू यादव ने सत्यानंद भोक्ता को झारखंड प्रदेश राजद का प्रधान महासचिव नियुक्त किया है। हेमंत ...और पढ़ें

लालू यादव ने सौंपी बड़ी जिम्मेदारी। (जागरण)
लालू यादव ने सौंपी बड़ी जिम्मेदारी। (जागरण)

राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री सत्यानंद भोक्ता को आरजेडी प्रमुख ने बड़ी जिम्मेदारी दी है। सत्यानंद भोक्ता हेमंत सोरेन और चम्पाई सोरेन के कार्यकाल में मंत्री थे।

लालू यादव ने एक बार फिर उनपर अपना विश्वास जताया है। सत्यानंद भोक्ता को झारखंड प्रदेश राजद का प्रधान महासचिव बनाया गया है। 

सत्यानंद भोक्ता।

पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने इससे संबंधित अधिसूचना जारी कर दी है। सत्यानंद भोक्ता पिछली बार हेमंत सोरेन सरकार में श्रम नियोजन मंत्री थे। वह चतरा विधानसभा सीट से विधायक बने थे।

कौन हैं सत्यानंद भोक्ता

  • मूल रूप से चतरा जिले के कारी गांव में दो मई 1972 को हुआ था जन्म
  • पिता का नाम स्वर्गीय जगरनाथ भोक्ता व माता का नाम रमनी देवी तथा पत्नी का नाम परमा देवी है
  • सत्यानंद भोक्ता ने इंटर तक की है पढ़ाई
  • चार बेटों के पिता हैं सत्यानंद भोक्ता

राजनीति के मंझे हुए खिलाड़ी हैं सत्यानंद भोक्ता

  • सत्यानंद भोक्ता चतरा विधानसभा सीट पर सबसे पहले वर्ष 2000 में भाजपा के टिकट से चुनाव लड़े।
  • अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी राजद के जनार्दन पासवान को चुनाव में हराया।
  • वर्ष 2003 में ये पहली बार पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री बने।
  • एक साल बाद ही तत्कालीन मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा के कार्यकाल में इनका मंत्रालय बदला और ये कृषि एवं गन्ना विकास मंत्री बन गए।
  • वर्ष 2005 के विधानसभा चुनाव में भी इन्होंने भाजपा के टिकट पर चतरा से लड़ा चुनाव।
  • इस चुनाव में भी सत्यानंद भोक्ता ने जीत हासिल की और फिर से सरकार में मंत्री बन गए।
  • वर्ष 2009 में ये सिमरिया विधानसभा सीट से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़े और जेवीएम के जयप्रकाश सिंह भोक्ता से चुनाव हार गए।
  • वर्ष 2014 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने उन्हें टिकट नहीं दिया।
  • भाजपा से टिकट न मिलने पर पार्टी बदलकर झारखंड विकास मोर्चा (झाविमो) के टिकट पर चतरा में चुनाव मैदान में उतरे।
  • इस चुनाव में भी सत्यानंद भोक्ता को हार का सामना करना पड़ा।
  • वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव के पूर्व वे झाविमो छोड़कर राजद में शामिल हो गए।
  • इसी वर्ष विधानसभा चुनाव में राजद ने उन्हें चतरा विधानसभा सीट पर अपना प्रत्याशी बनाया।
  • उन्होंने यहां भाजपा के प्रत्याशी जनार्दन पासवान को हराया।
  • सत्यानंद भोक्ता वर्ष 2019 के विधानसभा चुनाव में राजद कोटे के इकलौते विधायक बनकर विधानसभा में पहुंचे थे।

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