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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 30, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

झारखंड के पलामू में मुस्लिम समुदाय ने महादलित समाज के डेढ़ दर्जन से ज्यादा परिवारों से जुड़े 50 दलितों को मारपीट कर भगाया

By Sanjay KumarEdited By:
Published: Tue, 30 Aug 2022 09:19 AM (IST)Updated: Tue, 30 Aug 2022 07:29 PM (IST)

Jharkhand Palamu News झारखंड के पलामू में मुस्लिम समुदाय के लोगों ने समूह बनाकर महादलित समाज के डेढ़ दर्जन से ...और पढ़ें

Jharkhand, Palamu News: झारखंड के पलामू में महादलितों पर मुस्लिमों का हमला।
Jharkhand, Palamu News: झारखंड के पलामू में महादलितों पर मुस्लिमों का हमला।

पांडू (पलामू), संसू। Jharkhand, Palamu News झारखंड के पलामू जिले में पांडू थाना क्षेत्र के मुरुमातू गांव में महादलित समाज की मुसहर जाति के लोगों पर बड़ा जुल्म हुआ है। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने समूह बनाकर टोंगरी पहाड़ी के निकट मुसहरों के कच्चे घर और झोपड़ियों पर अचानक हमला कर दिया। डेढ़ दर्जन से ज्यादा घरों को ध्वस्त कर दिया। मारपीट की गई। इतना ही नहीं घर ध्वस्त करने के बाद सामानों को दो वाहनों पर लादकर छतरपुर के लोटो गांव के पास जंगल में छोड़ दिया। डरे सहमे मुसहर जाति के करीब 50 लोग पांडू थाना पहुंचे। पुलिस ने इंसाफ की गुहार लगाई।

अचानक हुआ आक्रमण

सोमवार दोपहर मुसहरों के घरों पर अचानक हमला हुआ। हमले के बाद मुसहर जाति के डेढ़ दर्जन परिवार के लोग बेघर हो गए हैं। हमले के बाद भगदड़ मच गई। परिवार के कई सदस्य और बच्चे इधर-उधर जान बचाने के लिए भागे। बच्चे लोटो गांव के जंगल में भटक-भटककर रो रहे हैं। बाद में किसी तरह हिम्मत कर कुछ थाना पहुंचे। पुलिस ने न्याय की गुहार लगाई। दूसरी तरफ मुस्लिम समुदाय के लोगों का कहना है कि मदरसे की जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर मुसहर परिवार के लोग रहते थे।

चार दशक से रह रहे थे मुसहर

महादलित परिवार के लोग कच्चे मकान और झोपड़ियां बनाकर करीब चार दशक से मुरुमातू के पास रह रहे थे। पीड़ित लोगों का कहना है कि भूखंड जीएम लैंड है। प्रशासन ने सर्वे कराकर यहां पर बसाया है। अल्पसंख्यक समुदाय के लोग मदरसे की जमीन बताकर कब्जा करना चाहते हैं।

ऐसा लग रहा है कि यह खबर अफगानिस्तान या पाकिस्तान की है: भाजपा

इस घटना को लेकर झारखंड प्रदेश भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के अध्यक्ष विधायक अमर बाउरी ने राज्य की हेमंत सोरेन सरकार पर तंज कसा है। उन्होंने कहा है कि राज्य में दलित और आदिवासी सुरक्षित नहीं है। ऐसा लग रहा है कि यह खबर अफगानिस्तान या पाकिस्तान की है। सच्चाई यह है कि झारखंड के पलामू की घटना है।

मामले की जांच कर रही है पुलिस

पांडू थाना प्रभारी धुमा किस्कू का कहना है कि जमीन विवाद का मामला है। हमले के बाद मुसहर जाति के लोग थाना पहुंचे और मौखिक जानकारी दी। अभी तक लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।